छत्तीसगढ़ की आदिवासी युवतियों के 'सुई-धागा' की धमक पहुंची अमरीका

- प्रवासी भारतीयों की संस्था नाचा ने पुरस्कार के लिए सुई धागा को किया नामांकित
- कोंडागांव जिले के चौडंग गांव में 28 आदिवासी युवतियां चला रही है सुईधागा समूह
- चयन के लिए एनआरआई अमरीकी करवा रहे ऑनलाइन वोटिंग

By: Ashish Gupta

Updated: 26 Oct 2020, 02:19 PM IST

कोंडागांव/रमाकांत सिन्हा. अबूझमाड़ से लगे कोंडागांव जिले धुर माओवाद प्रभावित क्षेत्र में स्थित ग्राम चौडंग के आदिवासी युवतियों के समूह 'सुईधागा' की ख्याति अमरीका तक पहुंच गई है। इनका काम देखकर अमरीका में रह रहे अप्रवासी भारतीयों की संस्था 'नाचा' (नॉर्थ अमरीका छत्तीसगढ़ एसोसिएशन) ने जिसमें छत्तीसगढ़़वासी ही प्रमुख हैं।

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संस्था ने इस बार सुई धागा समूह को नामांकित किया है इसके लिए ऑनलाइन वोटिंग होगी। सबसे ज्यादा वोट मिलने वाली संस्था को यह सम्मान प्रदान किया जाएगा। चयनित होने वालों के नामों की घोषणा 1 नवम्बर को होगी। यू-ट्यूब में अमरीका के स्थानीय समयानुसार रात 8 बजे व भारतीय समयानुसार 2 नवंबर की सुबह 6 बजे से 8 बजे तक इसका लाइव प्रसारण होगा और पुरस्कारों की घोषणा की जाएगी।

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नवा उजर ने बदली युवतियों की तकदीर
कोंडागांव जिला मुख्यालय से लगभग 25 किमी दूर ग्राम चौडंग में ग्राम पंचायत ने स्वरोजगार के लिए नवा उजर कार्यक्रम शुरू किया जिसके माध्यम से 10 युवतियों की एक टीम गठित कर सुईधागा का नाम दिया गया। ग्राम पंचायत के सचिव विश्वनाथ ने बताया कि ग्राम पंचायत की सरपंच मंगतिन बाई ने स्थानीय प्रतिनिधियों के द्वारा दिए गए चंदे की मदद से टीम सुईधागा के लिए 10 नग सिलाई मशीन खरीदी। फिर इन युवतियों को प्रशिक्षित कर गांव में सिलाई का कार्य शुरू किया गया। डेढ़ वर्ष पूर्व प्रारंभ इस समूह में अब 28 स्थानीय आदिवासी युवतियां जुड़ चुकी हैं।

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लॉकडाउन में कोरोना वॉरियर्स के रूप में कर रहीं काम
सरपंच मंगतिन बाई ने बताया कि लॉकडाउन के दौरान टीम सुई धागा ने कोरोना वारियर्स के रूप में बहुत अच्छा काम किया है। बेरोजगारी से जूझ रही युवतियों व महिलाओं के लिए सिलाई, कढ़ाई, बुनाई, कुकिंग, पेंटिग और शिल्प आदि का न सिर्फ प्रशिक्षण दिया। इसके साथ-साथ गांव में सफाई और सोशल डिस्टेंसिंग व मास्क के प्रयोग हेतु प्रेरित किया। जरूरतमंदों को नि:शुल्क मास्क का भी वितरण किया।

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2 नवम्बर को सुबह 6 से 8 बजे तक यू-टयूब लाइव प्रसारण
पंचायत सचिव विश्वनाथ ने कुछ सोशल मीडिया पर टीम सुईधागा के फोटो व कहानी शेयर की, जिसे देखते ही उत्तर नाचा की टीम के कुछ सदस्यों ने विश्वनाथ से सम्पर्क किया। जिसके बाद टीम सुई धागा की सदस्य राधा नाग ने नामांकन भेजा। विश्वनाथ ने बताया की नाचा इस पर ऑनलाइन वोटिंग करवा रही है। इस बार यह पूरा आयोजन वर्चुवल होगा।

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