नवरात्रि-दशहरा से टूटेगा कोरोना की मंदी का चक्रव्यूह, भीड़ से बचने अभी से खरीदारी शुरू

कोरोना काल में अक्टूबर और नवंबर बाजार के लिए होगा सबसे महत्वपूर्ण

By: Nikesh Kumar Dewangan

Published: 08 Oct 2020, 07:14 PM IST

रायपुर. बाजार में त्योहारी सीजन की दस्तक अक्टूबर महीने की पहली तारीख से हो चुकी है और भीड़ से बचने कई लोगों ने अभी से खरीदारी शुरू कर दी है। 6 महीने तक कोरोना की मंदी का चक्रव्यूह अब नवरात्रि-दशहरा के त्याोहारी सीजन में टूटने की उम्मीद है। राजधानी के अलग-अलग बाजारों में इस चक्रव्यूह को तोडऩे की तैयारियां भी पूरी हो चुकी है। आकर्षक ऑफर, कीमतें और डिस्काउंट का डबल डोज इस सीजन में ग्राहकों को मिल सकता है। कोरोना काल में अक्टूबर और नवंबर महीना बाजार के लिए सबसे महत्वपूर्ण होगा।

थोक कारोबारियों के मुताबिक सालभर कारोबारियों को नवरात्रि, दशहरा और दिवाली का इंतजार रहता है। यह साल चुनौतीपूर्ण होने के साथ बाजार के लिए नए अवसर भी साथ लाया है। ऑटोमोबाइल्स सेक्टर में जहां गाडिय़ां की डिमांड बढ़ चुकी है, वहीं अब लोगों किराए के बजाय खुद के मकानों की जरूरत ज्यादा महसूस हो रही है। सराफा में सोने-चांदी में निवेश के लिए लोगों का रूझान बढ़ा है, वहीं वर्क फ्रॉम होम के कल्चर की वजह से इलेक्ट्रॉनिक्स प्रोडक्ट की बिक्री में भी तेजी देखी जा रही है। कुल मिलाकर यह त्यौहारी सीजन बीते साल के मुकाबले किसी भी लिहाज से कमतर होने की गुंजाइश नहीं है।

गाडिय़ों की डिलीवरी शुरू

ऑटोमोबाइल्स सेक्टर की बात करें तो इस महीने नवरात्रि-दशहरे के लिए ऑटोमोबाइल्स सेक्टर में फोर व्हीलर की एडवांस बुकिंग हो चुकी है। कोरोना काल में गाडिय़ों की एडवांस बुकिंग पर ही पसंदीदा मॉडल की डिलीवरी मिल रही है। रायपुर ऑटोमोबाइल्स डीलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष मनीषराज सिंघानिया ने बताया कि सप्लाई पहले से कुछ बेहतर हुई है। टू-व्हीलर डीलर्स कैलाश खेमानी ने बताया कि गाडिय़ों की सप्लाई बेहतर हुई है। नवरात्रि का असर अभी से शो-रूम में देखने को मिल रहा है। त्यौहारी सीजन में भीड़ से बचने के लिए लोग अभी से डिलिवरी ले रहे हैं।

1841 करोड़ रुपए का राजस्व सितंबर में

बाजार में तेजी का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि छत्तीसगढ़ में सितम्बर-2019 की तुलना में सितम्बर-2020 में जीएसटी संग्रहण में 24 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है। देश के बड़े राज्यों में जीएसटी संग्रहण में वृद्धि के मामले में छत्तीसगढ़ पूरे देश में दूसरे स्थान पर है। प्रदेश में पिछले वर्ष सितम्बर में 1490 करोड़ रूपए का जीएसटी संग्रहण हुआ था। पिछले वर्ष की तुलना में इस साल सितम्बर में 351 करोड़ रूपए ज्यादा जीएसटी प्राप्त हुआ है। चालू वित्तीय वर्ष 2020-21 के सितम्बर महीने में राज्य में 1841 करोड़ रुपए की जीएसटी संग्रहित हुई है। सितम्बर में जीएसटी में वृद्धि के मामले में बड़े राज्यों में केवल जम्मू-कश्मीर ही छत्तीसगढ़ से आगे है जहां जीएसटी संग्रहण में 30 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है।

रियल एस्टेट में भी तेजी का रूख

रियल एस्टेट सेक्टर में भी इस त्यौहारी सीजन में शानदार ऑफरों की रणनीति तैयार की गई है। इस साल रियल एस्टेट सेक्टर में खरीदी-बिक्री बीते वर्ष के मुकाबले बेहतर रहने की उम्मीद है। रियल एस्टेट डवलपर्स व क्रेडाई छत्तीसगढ़ के पदाधिकारियों के मुताबिक बाजार में पॉजीटिव इफेक्ट है। कोरोनाकाल में लोगों को खुद के मकान के लिए सोचने पर मजबूर किया है। राजधानी के अलग-अलग क्षेत्रों में न्यूनतम 5 लाख की कीमत से लेकर प्लॉट और न्यूनतम 20 से 21 लाख तक स्वतंत्र मकान और फ्लैट की पेशकश की जाने वाली है।

गोल्ड में बड़ा रिटर्न, 52600 पर कायम

सोशल डिस्टेंसिंग और भीड़ से बचने सदर बाजार स्थित शो-रूम में ग्राहकों का आना शुरू हो चुका है। सोने-चांदी की कीमतों पर गौर करें तो बीते वर्ष के मुकाबले बड़ा उछाल दर्ज किया गया है। बीते साल नवरात्रि- दिवाली पर सोने की कीमतें 30 से 32 हजार रुपए प्रति 10 ग्राम के बीच कायम थी, जो कि वर्तमान में बढ़कर 52600 रुपए के बीच बनी हुई है, वहीं चांदी की कीमतें प्रति किलो वर्तमान में बढ़कर 61900 पर आ चुकी है। सोने और चांदी में जबरदस्त रिटर्न की वजह से बाजार में इस बहुमूल्य धातु की मांग लगातार बनी हुई है।

Nikesh Kumar Dewangan Desk
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned