निलंबित एडीजी जीपी सिंह को विशेष कोर्ट में हाजिर करें, EOW ने परिजनों को भेजा नोटिस

राज्य आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW) ने निलंबित एडीजी जीपी सिंह को सोमवार की सुबह 11 बजे उपस्थिति दर्ज करवाने के लिए उनके परिजनों को नोटिस थमाया गया है।

By: Ashish Gupta

Published: 12 Jul 2021, 09:46 AM IST

रायपुर. राज्य आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW) ने निलंबित एडीजी जीपी सिंह को सोमवार की सुबह 11 बजे उपस्थिति दर्ज करवाने के लिए उनके परिजनों को नोटिस थमाया गया है। इसमें आय से अधिक संपत्ति मामले में पूछताछ करने और बयान दर्ज करने का हवाला दिया गया है। इसकी तामिली ईओडब्ल्यू के कर्मचारी के जरिए कराई गई है।

साथ ही उनके परिवारवालों को जीपी तक संदेश पहुंचाने कहा गया है। वहीं जांच में सहयोग करने और नोटिस की अवहेलना नहीं करने की हिदायत दी गई है। बताया जाता है कि इस नोटिस के जरिए जीपी सिंह पर शिकंजा कसने की तैयारी भी चल रही है। बता दें कि छापे की कार्रवाई के बाद गिरफ्तारी की आशंका के चलते जीपी सिंह 8 जुलाई से गायब है। उन्हें बिलासपुर और उज्जैन में देखे जाने की अपुष्ट जानकारी मिल थी।

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फरार घोषित करने की तैयारी
बिना बताए गायब रहने पर जीपी सिंह को फरार घोषित करने की तैयारी चल रही है। इसके लिए जल्दी ही ईओडब्ल्यू द्वारा विशेष न्यायालय में आवेदन पेश किया जाएगा। साथ ही विभाग द्वारा जारी की गई नोटिस की अवमानना करने का हवाला दिया जाएगा। कोर्ट से जीपी सिंह को फरार घोषित करने के आदेश के बाद इस सूचना को सार्वजनिक रूप से उनके घर पर चस्पा की जाएगी। ईओडब्ल्यू जल्दी ही सर्च वारंट के दस्तावेज विशेष न्यायालय में जमा करेगी।

साक्ष्य जुटाने चंदखुरी स्थित कार्यालय व शासकीय आवास पहुंची पुलिस
कोतवाली निरीक्षक के नेतृत्व में रविवार को हैंडराइटिंग एक्सपर्ट को लेकर पुलिस टीम निलंबित एडीजी के शासकीय आवास और चंदखुरी स्थित पुलिस अकादमी के कार्यालय में पहुंची। पुलिस सूत्रों के अनुसार आवास-कार्यालय से लिए गए सैंपलों को विशेषज्ञ डायरी की लिखावट, निलंबित एडीजी के आवास से मिले पत्र की लिखावट से जांच करेंगे।

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एक्सपर्ट अपनी जांच की रिपोर्ट कोतवाली निरीक्षक को देंगे और उसी के आधार पर आगे की जांच की दिशा तय होगी। अधिकारियों ने निलंबित एडीजी के खिलाफ साक्ष्य जुटाने की जिम्मेदारी 5 टीम को दी है। ये टीम रायपुर के अलावा, बिलासपुर, दुर्ग व बस्तर में जाकर निलंबित एडीजी के विवादित मामलों का पता लगाएगी और उनके खिलाफ साक्ष्य तलाश करेगी।

आईपीएस की मॉनिटरिंग में केस
निलंबित एडीजी के खिलाफ ठोस साक्ष्य इकट्ठा किया जा सके, इसलिए रायपुर पुलिस के अधिकारियों ने कोतवाली के वर्तमान सीएसपी को प्रभारी बनाया है। वर्तमान सीएसपी केवल इस केस पर अपनी टीम के साथ काम करेंगे। कोतवाली डिवीजन में पुलिसिंग चुस्त हो सके, इसलिए नए सीएसपी को जल्द पदस्थ किया जाएगा।

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शासकीय आवास पहुंचने वालों पर नजर
रविवार को रायपुर पुलिस के अधिकारियों ने निलंबित एडीजी के आवास की निगरानी बढ़ा दी है। मुख्य के द्वार के अलावा शासकीय आवास से कुछ दूरी पर अन्य पुलिसकर्मियों को मॉनिटरिंग के लिए लगाया गया है। शासकीय आवास आने वाले और वहां से जाने वाले लोगों पर बारीकी नजर रखी जा रही है।

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