काश! डॉ. ठाकुर होम आइसोलेशन की बजाए अस्पताल में भर्ती होते, आप न लें ऐसा निर्णय

डॉ. ठाकुर के मुताबिक मैंने उनकी खबर लेने के लिए शुक्रवार को फोन किया। तब उनकी सांसें फूली हुई महसूस हुईं। मैंने तत्काल उन्हें कहा कि वे एम्स में जाकर भर्ती हो जाएं। और शनिवार को यह दुखद खबर आ गई। डॉ. रमेश ठाकुर के 5 साल की बेटी और 8 साल का बेटा है। पिता डिप्टी कलेक्टर के पद से सेवानिवृत्त हुए।

By: Karunakant Chaubey

Published: 23 Aug 2020, 11:21 PM IST

रायपुर. धमतरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में पदस्थ डॉ. रमेश ठाकुर की मौत से पूरा स्वास्थ्य महकमा स्तब्ध हैं। मगर, इस घटनाक्रम से डॉक्टर हो चाहे आम आदमी हर किसी को सीख लेने की आवश्यकता है। विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक डॉ. ठाकुर को शुगर और ब्लड प्रेशर था। जनवरी में वे अपने परिवार के साथ खुद का इलाज करवाने डॉ. भीमराव आंबेडकर अस्पताल रायपुर भी आए थे।

रविवार 16 अगस्त को उन्होंने ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर (बीएमओ), नगरी डॉ. डीआर ठाकुर को सूचना दी, कि वे कांकेर जा रहे हैं, नहीं बताया क्यों? इसके बाद उनका 3 दिनों तक मोबाइल स्वीच ऑफ था। इस दौरान खुद को होम आइसोलेट कर लिया। खुद ही इलाज करते रहे। सांस लेने में तकलीफ की वजह से ऑक्सीजन भी ले रहे थे। मगर, इस स्थिति में पहुंचने पर भी उन्होंने इसकी सूचना अपने शीर्ष अधिकारियों, बीएमओ और सीएमएचओ को नहीं दी। 'पत्रिकाÓ से बातचीत में बीएमओ डॉ. ठाकुर ने कहा- काश! वे मुझे बता तो देते।

डॉ. ठाकुर के मुताबिक मैंने उनकी खबर लेने के लिए शुक्रवार को फोन किया। तब उनकी सांसें फूली हुई महसूस हुईं। मैंने तत्काल उन्हें कहा कि वे एम्स में जाकर भर्ती हो जाएं। और शनिवार को यह दुखद खबर आ गई। डॉ. रमेश ठाकुर के 5 साल की बेटी और 8 साल का बेटा है। पिता डिप्टी कलेक्टर के पद से सेवानिवृत्त हुए।

बीएमओ डॉ. डीआर ठाकुर के बताए अनुसार अगर रमेश रविवार को ही रायपुर आ जाते, या फिर शुक्रवार को भी आ जाते तो डॉक्टरों को उनके इलाज का वक्त मिल जाता। २२ अगस्त की सुबह पहुंचे। कहेंगे कि तब तक देर ही हो चुकी थी।

प्रोटोकॉल का पालन करें-

सभी के लिए कोरोना प्रोटोकॉल बना हुआ है। सर्दी, जुखाम, बुखार, खांसी और सांस लेने में तकलीफ हो तो तत्काल डॉक्टर को दिखाएं। उनके कहे अनुसार कोरोना टेस्ट करवाएं। डॉक्टर, पूरी सावधानी बरतें। पीपीई किट पहनें, मॉस्क लगाएं और किसी भी लक्षण को हल्के में कतई न लें।

Coronavirus Deaths
Karunakant Chaubey Desk/Reporting
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned