scriptTigmanshu Dhulia could not answer this question in Raipur | रायपुर में इस सवाल का जवाब नहीं दे पाए तिग्मांशु धुलिया | Patrika News

रायपुर में इस सवाल का जवाब नहीं दे पाए तिग्मांशु धुलिया

हमर पहुना में दर्शकों के सवालों पर हो गए थे असहज

रायपुर

Updated: April 09, 2022 11:43:52 pm

ताबीर हुसैन @ रायपुर. जाने-माने डायरेक्टर तिग्मांशु धुलिया (tigmanshu dhulia)कहते हैं कि मैं हमेशा कन्फ्यूज रहा लेकिन यही खासियत ने मुझे यहां तक पहुंचाया। हाल ही में संस्कृति विभाग ने हमर पहुना कार्यक्रम के तहत उन्हें आमंत्रित किया था। जब दर्शकों ने सवाल पूछना शुरू किया तो वे कन्फ्यूज तो नहीं लेकिन असहज जरूर नजर आए। एक सवाल का तो उन्होंने जवाब ही नहीं दिया। रायपुर के नागेंद्र दुबे ने पूछा कि आपने छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्से में वेबसीरीज द ग्रेट इंडियन मर्डर की शूटिंग की। इसमें नक्सलियों को छत्तीसगढ़ी बोलते दिखाया गया। क्या आपने रिसर्च किया था? क्योंकि उस इलाके में तो नक्सली छत्तीसगढ़ी नहीं बोलते। बस्तर के क्षेत्र में तो हल्बी बोली जाती है। इस पर तिग्मांशु ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।
रायपुर में इस सवाल का जवाब नहीं दे पाए तिग्मांशु धुलिया
बीते दिनों मुक्ताकाशी मंच पर दर्शकों के सवालों का जवाब देते तिग्मांशु।
अशोक तिवारी से कहा मत पूछिए

अशोक तिवारी ने तिग्मांशु की बात को कोट करते पूछा कि आप कहते हैं यहां के फिल्मकार हिंदी में फिल्म बनाएं। जबकि छत्तीसगढ़ी इंडस्ट्री का अपना इतिहास रहा है। दोनों के कन्वर्शेसन में तिग्मांशु ने यहां तक कह दिया कि आप मत पूछिए सवाल। वैसे इस घटना को अशोक तिवारी ने फेसबुक में साझा किया है। हम यहां कुछ अंश प्रसारित कर रहे हैं-
सिने कलाकार और निर्माता निर्देशक तिग्मांशु धूलिया के साथ बातचीत हुई । मुझे उनकी बात करने की स्पष्टवादिता बहुत पसंद आई। सबसे पहले जब उनसे पूछा गया कि छत्तीसगढ़ कैसा लगा तब जवाब में उन्होंने कहा कि वे यही कहेंगे अच्छा लगा । मतलब साफ था उन्हें कुछ अच्छा नही लगा और सौजन्यता में वे जबरन कह रहे हैं कि अच्छा लगा। दूसरी बात उन्होंने कही, जो जब उनसे यह पूछा क्या कि छत्तीसगढ़ में कोई ऐसी जगह देखे हैं जिसने उन्हें बहुत प्रभावित किया हो। तो उनका जवाब था कि नहीं कोई, ऐसी जगह उन्होंने अब तक नहीं देखी है। उनके उत्तर उनके अनुभवों पर आधारित लगे और उन्होंने अपने जवाब में फालतू तारीफ नहीं की। वे हिंदी फिल्मों से जुड़े हैं अत: हिंदी फिल्म उद्योग की मार्केटिंग करना उनके लिए अच्छी बात है और यह उन्होंने किया भी। उन्होंने यह कहा कि छत्तीसगढ़ी फिल्म के बदले हिंदी फिल्म बनानी चाहिए और उन फिल्मों के संवाद छत्तीसगढ़ी में रखे जा सकते हैं । उन्होंने बहुत प्रसिद्ध निर्माता, निर्देशक और कलाकारों की ऐसी अनेक हिंदी फिल्मों के उदाहरण दिए जिनके संवाद हिंदी भाषा में न होकर अवधि, भोजपुरी भाषाओं में थे। मैंने उनके इस वक्तव्य विशेष पर सवाल पूछा। आरंभ में मैंने कहा कि अभी तक जिस विषय पर परिचर्चा है "सिनेमा के सतरंगी आकाश में छत्तीसगढ़ का भविष्य और संभावनाएं ***** उस पर तब तक कोई बात ही नहीं हुई थी, यह प्रश्न उन्हें और दोनो मॉडरेटर को अच्छा नहीं लगा और तिग्मांशुजी ने मुझे प्रतिप्रश्न किया कि मैं पत्रकार तो नही हूँ। मैंने उनसे कहा कि छत्तीसगढ़ में छत्तीसगढ़ी सिनेमा का 60 साल से पुराना इतिहास है यहां सौ-सवा सौ से अधिक फिल्में बन चुकी हैं फिर क्या इस इंडस्ट्री को बंद कर देनी चाहिए और इसके बदले हिंदी में फिल्म निर्माण किया जाना चाहिए। इस पर भी वे उखड़ गए, उन्होंने मुझसे स्पष्ट रूप से कह दिया कि मैं उनसे जो सवाल कर रहा हूँ उसका जवाब मैं खुद जनता हूँ इसलिए उनसे सवाल ना करूं और मैंने उनकी बात मानी और सवाल नहीं किया। वस्तुत: मैं उनसे कुछ और ही पूछना चाहता था। यह कि छत्तीसगढ़ सरकार ने जो फिल्म नीति जारी की है उसने हिंदी में फिल्में बनाने पर एक करोड़ रुपए तक का अनुदान दिया जाएगा, अन्य क्षेत्रीय भाषाओं में फिल्में बनाने पर पचास लाख का अनुदान दिया जाएगा और छत्तीसगढ़ी तथा छत्तीसगढ़ के अन्य मौलिक भाषाओं पर फिल्म बनाने पर केवल 15 से 25 लाख रुपए ही अनुदान के बतौर दिए जाएंगे। उनसे पूछता कि क्या यह छत्तीसगढ़ की मौलिक भाषाओं के साथ भेदभाव नहीं है क्योंकि मैंने किसी भी राज्य की फिल्म नीति में ऐसा नहीं पाया है कि जहां पर उस राज्य की भाषाओं में फिल्में बनती हैं तो उन्हें हिंदी फिल्म की तुलना में कम प्रोत्साहन राशि दी जाती हो।

सबसे लोकप्रिय

शानदार खबरें

Newsletters

epatrikaGet the daily edition

Follow Us

epatrikaepatrikaepatrikaepatrikaepatrika

Download Partika Apps

epatrikaepatrika

Trending Stories

17 जनवरी 2023 तक 4 राशियों पर रहेगी 'शनि' की कृपा दृष्टि, जानें क्या मिलेगा लाभज्योतिष अनुसार घर में इस यंत्र को लगाने से व्यापार-नौकरी में जबरदस्त तरक्की मिलने की है मान्यतासूर्य-मंगल बैक-टू-बैक बदलेंगे राशि, जानें किन राशि वालों की होगी चांदी ही चांदीससुराल को स्वर्ग बनाकर रखती हैं इन 3 नाम वाली लड़कियां, मां लक्ष्मी का मानी जाती हैं रूपबंद हो गए 1, 2, 5 और 10 रुपए के सिक्के, लोग परेशान, अब क्या करें'दिलजले' के लिए अजय देवगन नहीं ये थे पहली पसंद, एक्टर ने दाढ़ी कटवाने की शर्त पर छोड़ी थी फिल्ममेष से मीन तक ये 4 राशियां होती हैं सबसे भाग्यशाली, जानें इनके बारे में खास बातेंरत्न ज्योतिष: इस लग्न या राशि के लोगों के लिए वरदान साबित होता है मोती रत्न, चमक उठती है किस्मत

बड़ी खबरें

Assam Flood: असम में बारिश और बाढ़ से भीषण तबाही, स्टेशन डूबे, पानी के बहाव में ट्रेन तक पलटीकांग्रेस के बाद अब 20 मई को जयपुर में भाजपा की राष्ट्रीय बैठक, ये रहा पूरा कार्यक्रमTRAI के सिल्वर जुबली प्रोग्राम में PM मोदी ने लॉन्च किया 5G टेस्ट बेड, बोले- इससे आएंगे सकारात्मक बदलावपूर्व केंद्रीय मंत्री पी चिंदबरम के बेटे के घर पर CBI की रेड, कार्ति बोले- कितनी बार हुई छापेमारी, भूल चुका हूं गिनतीकुतुब मीनार और ताजमहल हिंदुओं को सौंपे भारत सरकार, कांग्रेस के एक नेता ने की है यह मांगकोर्ट में ज्ञानवापी सर्वे रिपोर्ट पेश होने में संशय, दूसरी ओर सुप्रीम कोर्ट में एक बजे सुनवाई, 11 बजे एडवोकेट कमिश्नर पहुंचेंगे जिला कोर्टपूनियां हत्याकांड में बड़ा अपडेट : चौथे दिन भी नहीं हुआ पोस्टमार्टम, शव उठाने को लेकर मृतक के भाई के घर पर चस्पा किया नोटिसहरियाणा: हरिद्वार में अस्थियां विसर्जित कर जयपुर लौट रहे 17 लोग हादसे के शिकार, पांच की मौत, 10 से ज्यादा घायल
Copyright © 2021 Patrika Group. All Rights Reserved.