MPPSC Exam 2020: जनरल नॉलेज पर हावी रहे लॉजिकल रिजनिंग के प्रश्न

- एमपी-पीएससी-2020 mppsc 2020
- दूर दराज से आए अभ्यार्थियों ने दी परीक्षा, पहले अटेम्प्ट में आई दिक्कत, दूसरी-तीसरी बार वालों को कोई परेशानी नहीं हुई

By: Rajesh Kumar Vishwakarma

Updated: 13 Jan 2020, 10:39 AM IST

ब्यावरा. मप्र लोक सेवा आयोग की परीक्षा दो शिफ्टों में रविवार को संपन्न हुई। इसमें दूर-दराज से परीक्षा देने आए अभ्यार्थियों ने सुबह 10 और दोपहर 2.15 वाली शिफ्ट में जनरल नॉलेज, लॉजिकल रिजनिंग सहित साइंस और अन्य विषयों से जुड़े प्रश्न हल किए।


परीक्षार्थियों ने बताया कि पीएससी के अपने तय पेटर्न के हिसाब से प्रश्न पूछे गए थे। परीक्षाए एमपी-पीएससी की थी इसलिए मध्य प्रदेश का इतिहास डीपली पूछा गया था। समसामयिकी भी थोड़ा घुमाकर दी गई थी।

MUST READ : MPPSC 2020 केंद्रों पर नहीं पहुंचे लिखित आदेश- स्वेटर, जूते, चप्पल, मफलर सब उतरवाए-देखें वीडियो

जनरल नॉलेज पर हावी रहे लॉजिकल रिजनिंग के प्रश्न

हालांकि सुबह के पेपर में जनरल नॉलेज, समसामयिकी में अभ्यार्थियों को Óयादा दिक्कत नहीं आई लेकिन दोपहर में हुए लॉजिकल रिजनिंग ने छात्रों को खासा कन्फ्यूज कर दिया। फिर भी ब्यावरा के दो और जिले के करीब 10 सेंटर्स पर बड़ी संख्या में (करीब चार हजार) आए परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी।

ब्यावरा के कन्याशाला सेंटर में एक दिव्यांग अभ्यार्थी मनोज शर्मा निवासी खिलचीपुर ने भी परीक्षा दी जिसे सहयोगी ने मदद की।

जनरल नॉलेज पर हावी रहे लॉजिकल रिजनिंग के प्रश्न

छात्र बोले- जिसने वाकई पढ़ाई की होगी, जरूर सेलेक्ट होगा
मेरा तीसरा अटेम्प्ट है, पहले जैसे ही प्रश्न इसमें पूछे गए थे। फिर भी पीएससी है, कॉम्प्टिशन तो काफी टफ ही है। घूमा-फिराकर भी प्रश्न पूछे जाते हैं।
- अस्मिता गुप्ता, थर्ड अटेम्प्ट परीक्षार्थी, राजगढ़

जैसा पढ़ा था वैसा ही आया है, लगभग सभी प्रश्न सॉल्व भी किए हैं। जिस हिसाब की तैयारी की थी, उसी हिसाब से मार्किंग की पूरी उम्मीद है।
- ङ्क्षरकी चौहान, फस्र्ट अटेम्प्ट परीक्षार्थी, मलावर

जनरल नॉलेज पर हावी रहे लॉजिकल रिजनिंग के प्रश्न

जिसने वाकई तैयारी की होगी, उसका सेलेक्शन जरूर हो जाएगा। प्रश्न सामान्य थे, जिस हिसाब से हम इतने दिनों से लगे हुए थे, उसी हिसाब से पूछे गए।
- संदीप गुर्जर, फस्र्ट अटेम्प्ट, नापलिया खेड़ी

अलग से कुछ नहीं पूछा गया, जितना सिलेबस में तय था, उसी हिसाब से पूछा गया। हां लॉजिकल रिजनिंग ने जरूर हमें कन्फ्यूÓड किया।
- रविशंकर मेहरा, फस्र्ट अटेम्प्ट, जीरापुर

मेरा तीसरा अटेम्प्ट है, पहले जो प्रश्न पूछे जाते थे, उससे हटकर मप्र का इतिहास इस बार पूछा गया। जो कि थोड़ा कठिन था। फिर न कठिन कहा जा सकता न सरल।
- राहुल कुमार बैरागी, थर्ड अटेम्प्ट, उ"ौन

Rajesh Kumar Vishwakarma
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned