नगर पंचायत का नया कारनामा उजागर, आननफानन में किया नाबालिग को दुकान आबंटन

सूचना के अधिकार के 8 बिंदुओं में हुआ खुलासा

By: Nakul Sinha

Published: 16 May 2020, 07:30 AM IST

राजनांदगांव / गंडई पंडरिया. नगर पंचायत गंडई द्वारा गत वर्ष दुकान आबंटन किया गया था। दुकान आबंटन में नगर के ही एक नाबालिक को एलॉट किए जाने का मामला प्रकाश में आया है। जानकारी के मुताबिक नगर पंचायत में उसी को दुकान आबंटन किया जाता है जो वयस्क हो। नाबालिक को दुकान आबंटन किए जाने के मामले में सोच संदिग्ध संलिप्तता को इंगित करता है। नगर के ए मार्केट में स्थित उत्तर दिशा में दुकान क्र.17 का आबंटन एक ऐसे परिवार के सदस्य को मिला है जो 18 वर्ष भी पूर्ण नहीं कर पाया था। सूत्रों की माने तो निकाय के अधिकारी से मिलीभगत कर उक्त व्यक्ति को दुकान का स्वामित्व कार्यालय के द्वारा किया गया है।

आवेदक द्वारा चाही गई जानकारी व नगर पंचायत के जवाब
आवेदक ने निकाय से मांगी थी जानकारी, मिला जवाब: दुकान क्रमांक 17 व्यस्थापन में पात्रता क्या है? निकाय ने अपने जवाब में दिया कि सामान्य सभा की बैठक में उक्त व्यक्ति को दुकान आबंटन करने का निर्णय लिया था।
उक्त व्यक्ति यश मोटवानी जगह पर पूर्व में कब से कब तक और क्या व्यवसाय करता था? निकाय का जवाब उक्त व्यक्ति विगत वर्ष 2013 में व्यवसायरत था अभिलेख में क्या व्यवसाय करता था यह उल्लेखित नही रहता है।
वर्ष 2017 में व्यस्थापन दुकान क्रमांक 17 आबंटित दुकान का कितनी राशि ली है? निकाय ने उक्त व्यक्ति को दुकान क्रमांक 17 जिसकी राशि 357660 रुपए जमा कराया गया था।
पूर्व में दुकान को अन्य किसी से खरीद क्रय किया है तो नामांतरण से संबंधित दस्तावेज जिसमें नगर पंचायत ने उक्त व्यक्ति द्वारा पूर्व में अस्थाई दखल अंतर्गत ठेला गुमटी की दस्तावेज दिया गया है।
व्यस्थापन के तहत जब पक्का दुकान 17 आबंटित किया गया तब उनकी उम्र की पुष्टि दे? जिसमें निकाय ने उक्त व्यक्ति को दुकान क्रमांक 17 आबंटित किया गया आवेदन द्वारा उम्र संबंधी दस्तावेज प्रस्तुत नही किया गया है।
व्यस्थापन में आबंटन के तहत ए मार्केट में किसी अन्य नाबालिक को दुकान आबंटित तो नही की गई है। जहां निकाय ने ए मार्केट में किसी भी प्रभावित ठेलाधारी/ गुमटीधारी बालिक नाबालिक संबंधी दस्तावेज नही दिया गया है इसलिए नाबालिक संबंधी जानकारी देना संभव नही है।
उक्त दुकान को अनुबंध पत्र की सत्यापित प्रति जिसमें निकाय ने आबंटित व्यक्ति पंजीयन निष्पादन नही कराया गया है इसलिए अनुबंध की छायाप्रति देना संभव नही है।

क्या कहते हैं जनसूचना अधिकारी व आवेदक
उपअभियंता एवं जनसूचना अधिकारी, रूपेश राठिया ने कहा कि दुकान आबंटन संबंधी जानकारी दे दी गई है। दुकान आबंटन राजस्व विभाग का होने के कारण जिला कलेक्टर को सूचनार्थ भेजा गया है। अगर आवेदक संतुष्ट नही है तो फिर से आवेदन लगाकर समय सीमा में जानकारी प्राप्त कर सकते है। आवेदक गंडई, शुभम बघेल ने कहा कि नगर पंचायत ने दुकान आबंटन में बिना किसी दस्तावेज के दुकान एलाटमेंट किया है जो गलत है आरटीआई के तहत चाही गई जानकारी में स्पष्ट उल्लेख नही है।

Nakul Sinha
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned