राजसमंद के 22 राजकीय विद्यालयों को मिली फाइव स्टार रेटिंग

- 90 प्रतिशत परिणाम के साथ 10वीं में 40 और 12वीं में 60 प्रतिशत विद्यार्थियों के प्रथम श्रेणी से उतीर्ण होने पर मिलती है फाइव स्टार

By: Rakesh Gandhi

Published: 26 Aug 2020, 10:32 AM IST

आईडाणा. शैक्षिक उपलब्धियों के आंकलन और अन्य सरकारी विद्यालयों से प्रतिस्पर्धा की भावना विकसित करने को शुरू की गई राजकीय विद्यालयों को स्टार रेटिंग देने की योजना के मापदंड में जिले 289 राजकीय माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक विद्यालयों में से 22 विद्यालयों ने फाइव स्टार रेटिंग प्राप्त की। मापदण्ड के अनुसार विद्यालय की शैक्षिक उपलब्धियों के आंकलन से विद्यालय के संचालन एवं सुधार के लिए योजना बनाने एवं अन्य विद्यालयों की प्रतिस्पर्धात्मक तुलना के लिए शैक्षिक स्तर की जानकारी लेने में सहजता होती है। स्टार रेटिंग में बोर्ड कक्षाओं के परीक्षा परिणाम प्रतिशत तथा परिणाम की गुणात्मक उपलब्धि को आधार बनाया गया था। परीक्षा परिणाम में गुणात्मक वृद्धि के महत्व को दृष्टिगत रखते हुए स्टार रेटिंग निर्धारण में गुणात्मक परिणाम के भारांक को अधिक महत्व देने के लिए स्टार रेटिंग के मापदण्ड तय किए गए।

जिले के फाइव स्टार विद्यालय
प्रदेश में 1858 विद्यालयों ने फाइव स्टार रेटिंग प्राप्त की है। इसमें जिले के 22 विद्यालय सम्मिलित हैं। जिले के आमेट ब्लॉक में राउमावि लिकी, राउमावि साकरड़ा।
भीम ब्लॉक में राउमावि काछबली, राउमावि कालादेह, राउमावि ठीकरवास कला।
देवगढ़ ब्लॉक में राउमावि आंजना, राउमावि ईशरमण्ड, राउमावि कालेसरिया, राउमावि मदारिया, राउमावि नरदास का गुड़ा, राउमावि पारड़ी।
खमनोर ब्लॉक में बालिका राउमावि कोठारिया, राउमावि कल्लाखेड़ी, रामावि खेडलिया, रामावि सोगडी की भागल, राउमावि बिलोता, राउमावि डाडवाल।
कुम्भलगढ़ ब्लॉक में राउमावि धानिन।
रेलमगरा ब्लॉक में बालिका राउमावि गिलूण्ड, राउमावि राजपुरा।
राजसमंद ब्लॉक में राउमावि पिपलांत्री, राउमावि मोही को फाइव स्टार रेटिंग मिली।

स्टार रेटिंग मानदंड
स्टार रेटिंग देने की योजना के मापदंड के अनुसार 90 प्रतिशत से अधिक परिणाम के साथ ही दसवीं में 40 प्रतिशत से अधिक तथा बारहवीं में 90 प्रतिशत से अधिक परिणाम 60 प्रतिशत से अधिक विद्यार्थियों के प्रथम आने पर स्कूलों को 'फाइव स्टार' की रेटिंग दी जाएगी। उल्लेखनीय है कि राजकीय विद्यालयों की बोर्ड कक्षाओं आठवीं, दसवीं और बारहवीं की परीक्षा में बैठने वाले विद्यार्थियों, परिणाम तथा परिणाम में गुणवत्ता को आधार बनाते हुए स्टार रेटिंग निर्धारित कर शाला दर्पण पोर्टल पर भी प्रदर्शित किया जाता है। इसे विद्यालयों को ऑनलाइन भी उपलब्ध कराया गया था, ताकि विद्यालय के शैक्षिक स्तर को जाना जा सके और आवश्यकता होने पर उसमें समय रहते सुधार किया जा सके।

12वीं के स्टार रेटिंग के मापदण्ड
5 स्टार - बोर्ड का परीक्षा परिणाम 90 प्रतिशत से अधिक तथा प्रथम श्रेणी उत्तीर्ण विद्यार्थियों की संख्या 60 प्रतिशत से अधिक हो।
4 स्टार - बोर्ड का परीक्षा परिणाम 90 प्रतिशत से अधिक तथा प्रथम श्रेणी उत्तीर्ण विद्यार्थियों की संख्या 60 प्रतिशत या कम हो।
3 स्टार - बोर्ड का परीक्षा परिणाम 60 प्रतिशत से 90 प्रतिशत तक तथा प्रथम श्रेणी उत्तीर्ण विद्यार्थियों की संख्या 60 प्रतिशत से अधिक हो।
2 स्टार - बोर्ड का परीक्षा परिणाम 60 प्रतिशत से 90 प्रतिशत तक तथा प्रथम श्रेणी उत्तीर्ण विद्यार्थियों की संख्या 60 प्रतिशत से कम हो।
1 स्टार - बोर्ड का परीक्षा परिणाम 60 प्रतिशत से कम हो।

10वीं के स्टार रेटिंग के मापदण्ड
5 स्टार - बोर्ड का परीक्षा परिणाम 90 प्रतिशत से अधिक तथा प्रथम श्रेणी उत्तीर्ण विद्यार्थियों की संख्या 40 प्रतिशत से अधिक हो।
4 स्टार - बोर्ड का परीक्षा परिणाम 90 प्रतिशत से अधिक तथा प्रथम श्रेणी उत्तीर्ण विद्यार्थियों की संख्या 40 प्रतिशत या कम हो।
3 स्टार - बोर्ड का परीक्षा परिणाम 60 प्रतिशत से 90 प्रतिशत तक तथा प्रथम श्रेणी उत्तीर्ण विद्यार्थियों की संख्या 40 प्रतिशत से अधिक हो।
2 स्टार - बोर्ड का परीक्षा परिणाम 60 प्रतिशत से 90 प्रतिशत तक तथा प्रथम श्रेणी उत्तीर्ण विद्यार्थियों की संख्या 40 प्रतिशत से कम हो।
1 स्टार - बोर्ड का परीक्षा परिणाम 60 प्रतिशत से कम हो।

Rakesh Gandhi
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned