14 हजार से अधिक किसानों से खरीदा 817 मैट्रिक टन गेहूं

14 हजार से अधिक किसानों से खरीदा 817 मैट्रिक टन गेहूं

Nilesh Trivedi | Publish: May, 18 2018 02:31:25 PM (IST) Ratlam, Madhya Pradesh, India

२९ केंद्रों पर हुई समर्थन मूल्य की हुई गेहूं खरीदी, १५ मई को थमी

 

रतलाम. समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी का दौर १५ मई को थम गया। अब विभाग गेहूं खरीदी के आंकड़े जुटाने में लगा हुआ है। इधर कई किसान एेसे है जिन्हें समर्थन मूल्य पर बेची गई गेहूं की उपज की राशि का अब भी इंतजार है। समर्थन मूल्य गेहूं खरीदी के लिए जिले में २९ केंद्र बनाए गए थे। इन पर १४ हजार से अधिक किसानों ने अपनी गेहूं बेचा है।

जहां पर १७३५ प्रति क्विंटल के साथ २६५ के बोनस के मान से किसानों को उसकी उपज के आधार पर राशि का भुगतान सीधे उसके खाते में किए जाना था। बोनस के बाद किसानों ने समर्थन मूल्य पर गेहूं बेचने में अपना उत्साह दिखाया है। बोनस की घोषणा के बाद ही पंजीयन के लिए किसानों ने रुचि दिखाई थी। अधिकांश किसानों को तो राशि मिल गई, लेकिन कई किसानों को अब भी राशि मिलने का इंतजार है। जितना गेहूं खरीदा गया उनसें से ९७ प्रतिशत के करीब गेहूं का परिवहन भी हो चुका है। समर्थन के काम से अभी पूरी तरह सरकारी मशीनरजी निवृत्त भी नहीं हुई थी और अब भावांतर के तहत खरीदी का काम शुरु हो गया है। चुनावी वर्ष में किसानों को रिझाने के लिए समर्थन से लेकर भावंातर की खरीदी को बेहतर रुप से पूरा करने में प्रशासन जुटा है, हालांकि जिले में फिर भी समर्थन मूल्य खरीदी में गड़बडि़यां उजागर हुई है। नामली में इसके बाद गोदाम सील भी किया गया।
यहां बनाए गए थे केंद्र

जावरा विपण एवं प्रक्रिया सहकारी संस्था, दीनदयाल विपण सहकारी संस्था जावरा, आलोट, ताल, सैलाना, रिंगनोद, पिपलौदा, कालूखेड़ा, सूखेड़ा, ढोढर, सरवन, शिवगढ़, रावटी, शिवपूर, बिरमावल, बिलपांक, धामनोद, बांगरोद, बाजना, धरोला, पिपल्यासीर, पाटन, खारवाकला, भीम, शेरपूर र्खूद, धराड़, बड़ावदा, बरखेड़ाकला, खजूरिया में खरीदी के के लिए केंद्र बनाए गए थे। जहां पर १४ हजार ३२८ किसानों से सरकार ने ८१७ मैट्रिक टन गेहूं की खरीदी की और किसानों को १७३५ प्रति क्विटंल पर २६५ रुपए बोनस के रुप में राशि का भुगतान किया। १५ मई को समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी का काम पूरा हुआ। खरीदें गए गेहूं का ९७ प्रतिशत गेहूं परिवहन किया जा चुका है। अब किसान भावांतर में प्याज व अपनी अन्य ङ्क्षजसों की बिक्री करने मंे लग गया है तो प्रशासनिक अमला भी भावांतर मंे उपज की खरीदी मंे जुटा है।
भावांतर मंे प्याज की बंपर आवक

पिछले वर्ष इस दौर में प्याज के कम भाव के कारण किसानों के फूटे आक्रोश में किसान आंदोलन हुआ था। इसके बाद सरकार ने प्याज की खरीदी की थी। अब प्याज को भावांतर में लिया है और प्याज की खरीदी भी १६ मई से शुरु कर दी गई है। प्रारंभिक दौर मंे ही भावांतर मंे प्याज बेचने के लिए किसान मंडियों में जुट गए है। प्याज की बंपर आवक मंडियों मंे हो रही है। आलम यह हो रहा है कि मंडी के अंदर तो ठीक बाहर भी प्याज लेकर ट्रैक्टर-ट्रॉलियों मंे जिले की सभी मंडियांे मंे किसान अपनी बारी का इंतजार कर रहे है।
फैक्ट फाईल

-जिले में बनाए गए थे 29 खरीदी कंेद्र
-जिले के 14328 किसानों ने बेचा समर्थन मूल्य पर गेहूं

-सरकार ने 817906.27 क्विंटल जिले में खरीदा गेहूं
-1419067378.45 रुपए का किसानों को होना है भुगतान

-1122571116.71 रुपए अब तक हुआ है भुगतान
-10७3239805.03 राशि का भुगतान अब तक है बकाया

-800017.56 क्विंटल गेहूं अब तक हो चुका है परिवहन
-17888.71 गेहूं परिवहन होना बाकी है।

-97 प्रतिशत गेहूं हो चुका है परिवहन
-1693500 बारदान हुए थे प्राप्त

-20000 बारदान हुए जारी
-1600735परिवहन में उपयोग किया गया बारदान

-1735 प्रति क्विंटल व 265के बोनस के रुप में किसान को होना है भुगतान
आंकड़े विभाग से मिली जानकारी अनुसार

 

Ad Block is Banned