scriptCivil hospital running without security guards, incidents have happene | बिना सुरक्षा गार्ड के चल रही सिविल अस्पताल, कई बार घट चुकी हैं रात में घटनाएं | Patrika News

बिना सुरक्षा गार्ड के चल रही सिविल अस्पताल, कई बार घट चुकी हैं रात में घटनाएं

मरीज रहते हैं असुरक्षित

सागर

Updated: December 25, 2021 08:40:29 pm

बीना. शहर के सिविल अस्पताल में सुरक्षा गार्ड नहीं होने के कारण यहां आने वाले मरीज असुरक्षित रहते हैं। गार्ड नहीं होने के कारण कई बार लोगों की बहस डॉक्टर व नर्स से हो जाती है, जिसके लिए उन्हें पुलिस का सहारा लेना पड़ता है, लेकिन जब तक पुलिस आती है, तब तक उत्पात मचाने वाले भाग जाते हैं। सिविल अस्पताल में रोजाना तीन से चार सौ मरीज ओपीडी में आते हैं, जिनमें से करीब 30 से 40 मरीज ज्यादा अस्वस्थ होने के कारण भर्ती कर लिए जाते हैं, लेकिन इनकी सुरक्षा का जिम्मा भगवान भरोसे ही रहता है। किसी भी प्रकार की आपातकाल स्थिति में पुलिस को सूचना दी जाती है और कई बार पुलिस के पहुंचने तक विवाद बढ़ जाता है। पुराने भवन में जब अस्पताल संचालित होती थी, तब यहां नगर रक्षा समिति के एक सदस्य की ड्यूटी यहां लगती थी, जो हर समय लोगों की सुरक्षा का ख्याल रखते थे, लेकिन लंबा समय गुजर जाने के बाद भी यहां पर किसी गार्ड को नियुक्त नहीं किया गया है।
रात में होती है परेशानी
अस्पताल में सबसे ज्यादा परेशानी रात में आने वाले मरीजों को होती है, कभी-कभी रात में इस प्रकार की स्थिति निर्मित होती है कि विवाद के साथ मारपीट जैसी स्थिति बन जाती है, इस समय पर गार्ड की आवश्यकता महसूस होती है। लेकिन जिला स्तरीय क्षमता रखने वाली इस अस्पताल में सुरक्षा गार्ड रखने पर अस्पताल प्रबंधन ने ध्यान नहीं दिया है। नाइट ड्यूटी करने वाले डॉक्टरों को सबसे ज्यादा खतरा आने वाले शराबियों से होता है, क्योंकि वह ड्यूटी पर मौजूद अधिकारियों व कर्मचारियों से अभद्रता करने पर उतारू हो जाते हैं।
एजेंसी से होना है गार्ड की नियुक्ति
सुरक्षा गार्ड की नियुक्ति एजेंसी के माध्यम से होना है और इसकी प्रक्रिया जिला स्तर से चल रही है।
डॉ. संजीव अग्रवाल, बीएमओ

Civil hospital running without security guards, incidents have happened many times in the night
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