DELP:इस काम में संभाग में सागर अव्वल तो दमोह रहा दूसरे नंबर पर, छतरपुर, टीकमगढ़ और पन्ना के यह रहे नंबर

संभाग में सागर अव्वल तो दमोह दूसरे नंबर पर, पन्ना में सबसे कम हुई एलईडी की खरीदी, ब्लॉक स्तर पर बनाए अधिकृत विक्रेता

 

 

सागर. ऊर्जा की खपत को कम करने के उद्देश्य से केंद्र सरकार द्वारा शुरू की गई डीईएलपी (डोमेस्टिक इफिशिएंसी लाइटिंग प्रोग्राम) योजना में संभाग में सागर पहले स्थान पर है। २०१६ में शुरू गई इस योजना के तहत सरकार ने लोगों को बाजार से कम कीमत पर एलईडी बल्ब उपलब्ध कराना शुरू किया था। क्रियान्वयन की जिम्मेदारी ऊर्जा विभाग कर रहा है। विभाग ने इन एलईडी बिक्री के लिए शहर सहित ब्लॉक स्तर पर अधिकृत केंद्र बनाए हैं। जहां पर रिप्लेसमेंट भी किया जा रहा है। इस योजना में तीन लाख से ज्यादा एलईडी बल्ब बिक्री के साथ सागर पहले तो पौने तीन लाख बल्ब बिक्री के साथ दमोह जिला दूसरे स्थान पर काबिज है।
इसके बाद छतरपुर, टीकमगढ़, पन्ना जिले का नंबर है। दमोह में लीईउी खरीदी ठीक-ठाक ही हुई है, जबकि छतरपुर, टीमकगढ़ में औसत तो पन्ना फिसड्डी साबित हुआ है। बल्व कम खरीदी को लेकर जिलों से मिली रिपोर्ट के अनुसार आम कंपनियों द्वारा योजना के बाद मार्केट में रेट कम कर देने के कारण यह स्थिति बनी है।


संभाग में बिक्री
सागर- ३,२७,५२६
दमोह- २,६९,६२१
छतरपुर- १,९४,३०२
टीकमगढ़- १,७२,७७९
पन्ना- ३७,५७८


तीन साल की रिप्लेसमेंट गारंटी
ऊर्जा विभाग कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार इसके लिए सागर जिले में शहर के अलावा प्रत्येक ब्लॉक में केंद्र बनाए गए हैं। यहां पर बिक्री के साथ रिप्लेसेंट भी किया जा रहा है। इन सभी केंद्रों पर बीते एक साल में पचास हजार के करीब एलईडी बल्ब का रिप्लेसमेंट किया जा चुका है।

यदि किसी तकनीकी फॉल्ट के कारण एलईडी खराब हुई है तो उसे तीन साल के अंतर रिप्लेस करने का प्रावधान है। यह जरूरी है कि लोगों के पास खरीदी का बिल होना चाहिए। हालांकि अभी बिना बिल के भी रिप्लेस कर लिया जाता है, क्योंकि योजना शुरू हुए ही तीन साल पूरे नहीं हुए हैं।
-सीबी सिंह, डिस्ट्रिक रिन्यूवल एनर्जी ऑफिसर, सागर

मदन गोपाल तिवारी
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned