टिड्डी दल की दस्तक, फसलों को नुकसान

टिड्डी दल की दस्तक, फसलों को नुकसान

By: manish Dubesy

Published: 01 Jun 2020, 05:22 PM IST

रहली. टिड्डी दल प्रदेश के विभिन्न जिलों में नुकसान पहुंचाने से किसान पहले ही चिंतित कि रविवार को अंचल में फिर इनकी हलचल दिखी।
विकासखण्ड जैसीनगर के ग्राम सहजपुरी खुर्द से निकलकर यह दल केसली विकासखण्ड के ग्राम नवलपुर, मोहासा से होते हुए विकासखण्ड सागर के ग्राम सुर्खी पठा, करैया मोकलपुर के ऊपर से निकलकर विकासखण्ड रहली के रानगिर के जंगल से होते हुए अचलपुर ग्राम से वेदवारा की ओर जाते देखा गया। यहां से नौरादेही के जंगल से विकासखण्ड तेंदूखेड़ा जिला दमोह जाने की संभावना प्रतीत होती है। टिड्डी दल द्वारा बहुतायत मात्रा में फसलों, वनस्पतियों पर बैठकर नुकसान पहुंचाने की संभावना है।
सिमरिया से किसान सुनील दुबे, अंकित विश्वकर्मा, शील तिवारी, बाबू भंडारी ने बताया कि टिड्डी दल पाटई, अचलपुर से होते हुए पर्राका, रमखिरिया, सिमरिया नायक से रहली की ओर निकल गया। टिड्डी दल की सूचना के बाद किसान अपने अपने खेत पहुंचे और टिड्डियों को भगाने में सफल रहे। कृषि विभाग के अफसर भी टिड्डी दल से होने वाले फसलों के नुकसान के प्रति अलर्ट हैं। विभाग के अफसर दौरे पर जाकर लोगों को समझाइश दे रहे हैं साथ में दवा के छिड़काव, शंखनाद, घंटानाद खाली कनस्तर, सीटी, थाली आदि के जरिए उन्हें भगाने की सलाह दे रहे हैं। कृषि अधिकारियों ने बताया कि चूंकि टिड्डी दल का आगमन लगभग सायंकाल 06 बजे से 08 बजे के मध्य होता है तथा 7.30 तक दूसरे स्थान पर प्रस्थान
करने लगता है। टिड्डी दल का प्रकोप होने पर तत्काल बचाव के लिये उसी रात्रि में सुबह 03 बजे से लेकर सुबह 7.30 बजे तक उक्त विधि से टिडी दल का नियंत्रण किया जा सकता है । संबंधित अधिकारियों एवम ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारियों द्वारा अपने स्तर से भी टिड्डी दल से नियंत्रण हेतु प्रचार. प्रसार ग्रामों में किया जा रहा है। उपसंचालक कृषि एके नेमा के निदेशानुसार टिड्डी दल के नियंत्रण के लिए संबंधित अधिकारी सहायक संचालक कृषि सागर जितेंद्र सिंह राजपुत, एसके जैन, वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी सागर, ओ पी एस नरवारिया वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी रहली में दौरा कर रहे हैं।

manish Dubesy Desk
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned