सब्सिडी का लाभ लेने लोग खुद ही कर रहे बिजली बिल के लिए फोटो रीडिंग

तय रीडिंग से ज्यादा होने पर भरना पड़ता है पूरा बिल

By: sachendra tiwari

Published: 07 Sep 2021, 09:48 PM IST

बीना. सरकार द्वारा चलाई जा रही बिजली बिल के लिए 100 यूनिट 100 रुपए बिल योजना का लाभ लेने के लिए लोग स्वयं ही फोटो रीडिंग करके भेज रहे हंै। ऐसा इसलिए किया जा रहा है, ताकि तय समय से फोटो रीडिंग की जाए तो तय यूनिट से ज्यादा रीडिंग न होने पर सब्सिडी का फायदा मिल सके।
दरअसल बिजली कंपनी द्वारा 100 यूनिट बिजली खपत करने पर 100 रुपए बिजली का बिल दिया जा रहा है, तो वहीं 150 यूनिट तक बिजली जलने पर करीब साढ़े तीन सौ से चार सौ रुपए ही बिजली बिल आता है, लेकिन 150 यूनिट से एक यूनिट भी ज्यादा होने पर पूरी बिजली खपत का बिल जमा करना पड़ता है। मीटर रीडिंग करने वाले कर्मचारी रीङ्क्षडग लेने के लिए हर महीने तय समय से नहीं आते हैं, इसलिए लोग स्वयं ही मीटर रीडिंग कर रहे हैं, जिसमें महीने के अंत में रीडिंग की तय तिथि से फोटो रीडिंग करके भेजते हैं।
इस तरह भेज सकते हैं रीडिंग
शहर में स्मार्ट फोन रखने वाले बिजली उपभोक्ता मप्र बिजली वितरण कंपनी के बिजली ऐप को डाउनलोड कर उसके माध्यम से अपने मीटर रीडिंग की फोटो डाल सकते हैं। इसके लिए उपभोक्ताओं को ऐप पर मीटर रीडिंग ऑप्शन में जाकर बिल पर सबसे ऊपर बाईं ओर अंकित 10 अंकों का आइवीआरएस नंबर डालकर पहले गेस्ट यूजर, इसके बाद व्यू पर क्लिक कर मीटर में केडब्लयूएच पर दिखने वाली रीडिंग की फोटो लेकर व रीडिंग टाइप कर कंपनी को भेजी जाती है।
मीटर रीडरों को नुकसान
फोटो रीडिंग शुरू होने से एक तरफ उपभोक्ताओं को लाभ हो रहा है, तो वहीं दूसरी ओर मीटर रीडरों से लिए नुकसान झेलना पड़ रहा है। क्योंकि उपभोक्ता के फोटो रीडिंग करने के बाद संबंधित उपभोक्ता का नाम पोर्टल में रीडिंग ऑप्शन से हट जाता है। जिसके बाद कर्मचारी को लोगों के घर जाकर रीडिंग करने नहीं मिलती है और उन्हें मिलने वाले प्रति मीटर रीडिंग के करीब साढ़े चार रुपए प्रति उपभोक्ता का नुकसान होता है।

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sachendra tiwari Reporting
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