नया आदेश मानने तैयार नहीं व्यापारी, गुुरुवार से मंडी में नहीं होगी नीलामी

किसान होंगे परेशान

By: sachendra tiwari

Published: 23 Jun 2021, 09:41 PM IST

बीना. मंडी बोर्ड ने जिंस की किस्मों का अलग-अलग रिकॉर्ड रखने का आदेश जारी किया गया है और यह आदेश बुधवार को मंडी प्रबंधन द्वारा व्यापारियों के लिए दिया गया, जिसपर व्यापारियों ने नीलामी नहीं की। किसानों के प्रदर्शन के बाद दोपहर में नीलामी तो की गई, लेकिन आज से मंडी को अनिश्चकालीन समय के लिए बंद कर दिया गया है, जिससे किसानों को परेशानी होगी।
बुधवार को छोटे किसानों के उपज की नीलामी होती है और करीब एक हजार क्ंिवटल आवक हुई थी, लेकिन व्यापारियों ने नई पद्धति से खरीदी करने के आदेश का विरोध करते हुए नीलामी नहीं की। इसके बाद किसान नेता इंदर सिंह के नेतृत्व में किसानों ने मंडी कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया और फिर मंडी सचिव ने एसडीएम से बात कर पुरानी पद्धति से ही दोपहर १.३० बजे नीलामी कराई, लेकिन अब आगे नए आदेश के अनुसार ही नीलामी की जानी है, जिसका विरोध व्यापारियों ने करते हुए नीलामी न करने का फैसला लिया है और आज से अनिश्चिकालीन समय के लिए मंडी बंद रहेगी। जबकि अभी हर दिन मंडी में किसान उपज लेकर पहुंच रहे हैं, जिससे वह खरीफ फसल की बोवनी के लिए खाद, बीज, डीजल की व्यवस्था कर सकें।
यह आया है नया आदेश
नए आदेश के अनुसार अब व्यापारियों जो भी जिंस खरीदेंगे उसकी अलग-अलग किस्मों का रिकॉर्ड रखना होगा। जैसे यदि व्यापारी ने चना खरीदे तो देशी, ३१५, कटीला अलग-अलग दर्शाना होगा और यह नीलामी पर्ची से लेकर इ-अनुज्ञा तक में उल्लेख कराना होगा। साथ ही सभी किस्मों का अलग-अलग रिकॉर्ड भी रखना होगा। यही नियम सभी जिंसों का रखना है।
नहीं रख पाएंगे अलग-अलग रिकॉर्ड
व्यापारी संघ के उपध्याक्ष श्याम दुबे ने बताया कि मंडी बोर्ड द्वारा व्यापारियों से चर्चा किए बिना ही कोई भी आदेश निकाल दिए जाते हैं। जिंस की अलग-अलग किस्मों का रिकॉर्ड रखना संभव नहीं है। वर्तमान में जो पद्धति थी उसमें खरीरी कर पाला करके कई किस्मों को एक साथ मिलाकर बेचा जाता था। यदि नए आदेश का पालन करेंगे तो खरीदी करना ही मुश्किल हो जाएगा।
मंडी बोर्ड का है आदेश
नई पद्धति से खरीदी करने का आदेश मंडी बोर्ड का आया है और सभी व्यापारियों को उसके अनुसार ही खरीदी करने के लिए कहा गया है, लेकिन व्यापारी तैयार नहीं हैं और आज से मंडी अनिश्चिकालीन समय के लिए बंद कर दी गई है। इसकी सूचना वरिष्ठ अधिकारियों को दी है और जो भी आदेश आएंगे उसका पालन किया जाएगा।
विनायकदेव भार्गव, सचिव, कृषि उपज मंडी, बीना

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