27 अक्टूबर 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

24 फरवरी से तलबाओं के लिए खुल जाएंगे देवबन्द दारुल उलूम के दरवाजे

दारुल उलूम के मोहतमिम ने कहा सरकार की गाइड लाइन के अनुसार शुरू होगा शिक्षण कार्य नए शिक्षण सत्र में शामिल हाेने के लिए तलबाओं काे परिजनाें से लाना हाेगा सहमति पत्र
less than 1 minute read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

सहारनपुर

•

image

shivmani tyagi

•

Updated: 14 Feb 2021, 9:48 PM IST

dbd.jpg

देवबंद दारुल उलूम

पत्रिका न्यूज़ नेटवर्क
सहारनपुर ( Deoband ) करीब 11 माह से तलबाओ के लिए बंद चल रहे देवबंद दारुल उलूम ( darul uloom deoband ) के दरवाजे 24 फरवरी को फिर से खुल रहे हैं। यानी 24 फरवरी से देवबंद दारुल उलूम में शिक्षण कार्य शुरू हो जाएगा। मजलिस-ए- तालीमी की बैठक में इस निर्णय पर अंतिम सहमति बन गई है।

यह भी पढ़ें: क्लाइंट को घर पर बुलाना अधिवक्ता को पड़ा भारी, छेड़छाड़ के आराेपाें में मुकदमा दर्ज

दारुल उलूम के मोहतमिम मुफ्ती अबुल कासिम नोमानी ने कहा है कि शिक्षण कार्य शुरू हो रहा है। इस दौरान सरकारी गाइडलाइन का पूरा ध्यान रखा जाएगा। संस्थान को तलबाओं के स्वास्थ्य की पूरी फिक्र है जिसे देखते हुए मास्क, सैनिटाइजर का इस्तेमाल होगा और सामाजिक दूरी का भी शिक्षण के दौरान पूरा ध्यान रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि सभी तलबाओं को इसके बारे में सूचित कर दिया गया है। देशभर में जहां भी देवबंद दारुल के तलबा रह रहे हैं अब वापस लौटेंगे और दोबारा से शिक्षण कार्य शुरू होगा।


अनुमति प्रमाण पत्र होगा जरूरी
दारुल उलूम के मोहतमिम मुफ्ती अबुल कासिम नोमानी ने यह भी कहा है कि जो भी तलबा दारुल उलूम में पढ़ाई के लिए आएंगे उन्हें अनुमति प्रमाण पत्र देना होगा। यानी तलवारों को अपने अभिभावकों से सहमति लिखवाकर लानी होगी। इस अनुमति प्रमाण पत्र के बाद ही उन्हें संस्था में आने की इजाजत दी जाएगी।