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सवाई माधोपुर

नए छात्रावासों की घोषणा कर भूली सरकार

सवाईमाधोपुर. केन्द्र सरकार से लेकर राज्य सरकार तक सभी शिक्षा को बढ़ावा देने का दावा करते है लेकिन जमीन हालात बिल्कुल अलग है। जनजाति जिले सवाईमाधोपुर सहित प्रदेश के 20 जिले ऐसे हैं जिनके कुल 200 गांवों में जनजातीय परिवारों के बच्चों के लिए स्कूली शिक्षा का अभाव है। इसका खुलासा बीते दिनों जनजातीय परिवारों […]

सवाई माधोपुरJul 03, 2024 / 07:03 pm

Subhash Mishra

सवाईमाधोपुर. जिला कलक्ट्रेट परिसर में संचालित जिला परिषद कार्यालय परिसर।

सवाईमाधोपुर. केन्द्र सरकार से लेकर राज्य सरकार तक सभी शिक्षा को बढ़ावा देने का दावा करते है लेकिन जमीन हालात बिल्कुल अलग है। जनजाति जिले सवाईमाधोपुर सहित प्रदेश के 20 जिले ऐसे हैं जिनके कुल 200 गांवों में जनजातीय परिवारों के बच्चों के लिए स्कूली शिक्षा का अभाव है। इसका खुलासा बीते दिनों जनजातीय परिवारों के बच्चों को सहज शिक्षा मुहैया कराए वाले अंत्योदय मिशन के तहत भारत सरकार से कराए गए सर्वे में हुआ है। इन परिवारों को शिक्षा से जोडऩे के लिए सरकार ने नए छात्रावास खोलने का निर्णय किया था।
यह था सरकार का उद््देश्य
जनजातीय परिवारों के बच्चों को शिक्षा से जोडऩे की मंशा से प्रदेश सहित सवाईमाधोपुर जिले में नए छात्रावास खोले जाने थे, मगर इस योजना के लाभ से अब तक जिला अछूता है। जिले में अब तक उच्च स्तर से दिशा-निर्देश नहीं आने से नए छात्रावास खोलने की प्रक्रिया अटकी है। इस योजना में पहले सर्वे किया जाना था बाद में जगह चिह्नित होनी थी लेकिन सरकारी आदेश नहीं आने से मामला अभी आगे नहीं बढ़ पाया है। यह नए छात्रावास प्रधानमंत्री जनजाति उन्नति ग्राम मिशन के तहत शुरू किए जाने थे।
यह रहेंगे चयन के मापदण्ड
छात्रावास चयन के लिए विशेषतौर पर ऐसे स्थान का चयन किया जाएगा। इसमें अधिक से अधिक संख्या में जनजातीय गांव एवं जनसंख्या व छात्र-छात्रा लाभाविंत हो सकें। छात्रावास के लिए चिह्नित विद्यालय से अन्य स्थान पर होने से विद्यालयों से दूरी एवं भूमि आवंटन का भी ध्यान रखा जाएगा। छात्रावास से लाभाविंत होने वाले संभावित कक्षा 6 से 12 तक योग्य बच्चों की संख्या भी अहम रहेगी। इसके आधार पर ही छात्रावास चयन होगा।
जिले में अब तक ना सर्वे हुआ और ना जगह चिह्नित
उधर, जिले में जिला परिषद में माडा योजना के तहत अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार प्रधानमंत्री जनजाति उन्नति ग्राम मिशन के तहत अब तक नए छात्रावास के लिए सर्वे हुआ है और ना ही सत्यापन की प्रक्रिया हो सकी है। अधिकारियों की माने तो अब तक इस संंबंध में सरकारी आदेश नहीं आने से सर्वे, सत्यापन व जगह चिह्नित करने की कोई कार्रवाई ही नहीं हो सकी है।
यहां खुलेंगे नए छात्रावास
प्रदेश में डूंगरपुर, बांसवाड़ा, उदयपुर, चित्तौडगढ़़, कोटा, धौलपुर, करौली, बारां, झालावाड़, जोधपुर, प्रतापगढ़, सवाईमाधोपुर, सिरोही, टोंक, पाली, बाड़मेर, बूंदी, भीलवाड़ा, जयपुर व अलवर जिले नए छात्रावास खुलने है।
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इनका कहना है…
प्रधानमंत्री जनजाति उन्नति ग्राम मिशन के तहत छात्रावास के संबंध में कोई दिशा-निर्देश नहीं मिले है। इससे सर्वे व जगह चिह्नित करने की कार्रवाई नहीं हो सकी है।
राजेश सैनी, सहायक सांख्यिकी अधिकारी, माडा योजना सवाईमाधोपुर

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