जिनालयों में बही भक्ति की बयार

जिनालयों में बही भक्ति की बयार

Rakesh Verma | Publish: Oct, 26 2018 11:48:33 AM (IST) | Updated: Oct, 26 2018 11:48:34 AM (IST) Sawai Madhopur, Rajasthan, India

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सवाईमाधोपुर. सुकुमालनंदी अतिशय क्षेत्र चमत्कारजी प्रबन्ध समिति, आलनपुर के तत्वावधान में चमत्कारजी के मेला महोत्सव की शृंखला में गुरुवार को जैन धर्म के 14वें तीर्थंकर भगवान अनन्तनाथ का गर्भ कल्याणक मनाया गया। श्रद्धालुओं ने अभिषेक, पूजन के साथ भगवान अनन्तनाथ का गुणगान किया। चमत्कारजी के वर्षायोग पांडाल में आचार्य सुकुमालनंदी ने श्रद्धालुओं को सम्बोधित करते हुए कहा कि दीन-दुखियों की सेवा करना भी मानव धर्म है।

धर्मसभा के मंच पर मुनि सुनयनंदी एवं ऐलक सुलोकनंदी भी विराजमान थे। समाज के प्रवक्ता प्रवीण जैन ने बताया कि मेला स्थल-चमत्कारजी चबूतरा पर जिनेन्द्र देव का अभिषेक किया गया। इसके बाद पंचपरमेष्ठी मंडल विधान का अष्ट द्रव्यों से पूजन कर मण्डल पर 143 अघ्र्य समर्पित किए गए। मडल विधान पूजन कर जिनेन्द्र देव की 108 दीपों से महाआरती की गई।


कलश यात्रा में उमड़े श्रद्धालु
महिलाओं ने सिर पर कलश रखकर आलनपुर में कलश यात्रा निकाली। इसके बाद जिनेन्द्र देव का रजत कलशों से कलषाभिषेक कर श्रीजी की माल का कार्यक्रम हुआ। मेला महोत्सव के दौरान बुधवार शाम सांस्कृतिक कार्यक्रम हुए। इस अवसर पर विशुद्धवर्धनी महिला एवं महिला महासमिति के संयोजन में महिला कलाकारों द्वारा नाटकों का रोचक मंचन किया। इस मौके पर दसलक्षण, पंचमेरू की तप-आराधना करने वाले तपस्वियों, शिविरार्थियों एवं समाज की प्रतिभाओं को वर्षायोग समिति एवं चमत्कारजी प्रबन्ध समिति द्वारा संयुक्त रूप से सम्मानित किया गया।

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