आपदा में बचाव के लिए Facebook ने शुरू किया संकट प्रतिक्रिया केंद्र

Jameel Khan

Publish: Sep, 17 2017 09:49:44 (IST)

Science & Tech
आपदा में बचाव के लिए Facebook ने शुरू किया संकट प्रतिक्रिया केंद्र

संकट के दौरान लोगों की और अधिक मदद के लिए हमने फेसबुक समुदाय द्वारा सार्वजनिक रूप से प्रकाशित लेख, वीडियो और फोटो के लिंक भी देना शुरू किया है।

सैन फ्रांसिसको। किसी आपदा या दुर्घटना के दौरान अपने यूजर्स की मदद के लिए फेसबुक ने नया संकट प्रतिक्रिया केंद्र शुरू किया है, जहां लोगों को हाल के आपदाओं की जानकारी मिलेगी तथा सोशल मीडिया पर संकट प्रतिक्रिया टूल्स मिलेंगे, जिसमें सेफ्टी चेक इन, कम्यूनिटी हेल्प और संकट प्रभावित लोगों की मदद के लिए फंड जुटाने जैसे फीचर्स शामिल हैं। इसमें सभी फीचर्स एक ही जगह मिलेंगे।

फेसबुक के उत्पाद निदेशक (सोशल गुड) माइक नोवाक ने गुरुवार को एक पोस्ट में कहा, संकट के दौरान लोगों की और अधिक मदद के लिए हमने फेसबुक समुदाय द्वारा सार्वजनिक रूप से प्रकाशित लेख, वीडियो और फोटो के लिंक भी देना शुरू किया है। नोवाक ने कहा, आने वाले हफ्तों में फेसबुक पर आपदा प्रतिक्रिया केंद्र शुरू कर दी जाएगी, यह डेस्कटॉप और मोबाइल दोनों पर काम करेगा।

जब भी कोई संकट आता है, लोग अपने मित्रों और परिवार वालों को अपने सुरक्षित होने से अवगत कराने के लिए 'सेफ्टी चेकÓ फीचर का इस्तेमाल करते हैं। नोवाक ने कहा, यह जैसे अभी काम करता है आगे भी आपदा पेज पर दिखेगा। अगर आप किसी प्रभावित क्षेत्र में हैं तो यह फीचर आपको दिखाई देगा।

कार्यस्थल पर महिला उत्पीडऩ को लेकर गूगल पर मामला दर्ज

गूगल के तीन पूर्व कर्मचारियों ने वेतन और पदोन्नति में महिलाओं के साथ भेदभाव को लेकर प्रौद्योगिकी दिग्गज के खिलाफ क्लास-एक्शन मुकदमा दायर किया है। फोर्चुन में गुरुवार देर रात प्रकाशित एक रिपोर्ट के मुताबिक तीनों पूर्व कर्मचारी गूगल में सॉफ्टवेयर इंजीनियर, कम्यूनिकेशन विशेषज्ञ और प्रबंधक के रूप में काम करते थे। उनके द्वारा दायर मुकदमे में कहा गया, गूगल केलिफोर्निया में एक जैसा काम करने वाली महिलाओं को पुरुषों के मुकाबले कम वेतन देता था और महिलाओं को ऐसे काम की जिम्मेदारी दी जाती थी, जिसमें पदोन्नति की संभावना कम होती है।

महिलाओं के लिए काम करने वाली वकील केली डर्मोडी ने एक बयान में कहा, जबकि गूगल उद्योग की अग्रणी प्रौद्योगिकी प्रवर्तक कंपनी है, लेकिन महिला कर्मचारियों के प्रति इसका रवैया 21 वीं सदी में जाने जैसा नहीं है।

गूगल ने अभी तक इस पर कोई प्रतिक्रिया व्यक्त नहीं की है। इससे पहले अमेरिकी श्रम विभाग की महिला और पुरुष कर्मचारियों के बीच वेतन के अंतर को लेकर कंपनी की जांच कर रही है।

इस दौरान कंपनी से निकाले गए कर्मचारी जेम्स डमोरे ने कहा कि गूगल कंपनियों की भर्ती में भी भेदभाव करती थी। डमोरे को गूगल की विविधता प्रयासों की आलोचना के कारण कं पनी से निकाल दिया गया था।

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