बाजार में नहीं समतल जगह, सड़क पर लगती दुकान, दिनभर आमजन रहते परेशान

लंबें समय से बनी है समस्या, फिर भी नहीं हो सका निराकरण

By: Anil kumar

Published: 14 Jan 2021, 11:33 AM IST

आष्टा. पुराने भोपाल इंदौर हाइवे पर जीन वाली दरगाह के सामने बुधवार को लगने वाला साप्ताहिक हाट बाजार यानी परेशानी वाला बाजार...जी हां यह कहा जाएं तो कोई अतिश्योक्ति नहीं होगा। बाजार के दिन छोटे, बड़े करीब २०० से अधिक दुकानदार दुकान लगाकर व्यापार करते हैं तो करीब २० हजार से अधिक लोग खरीदी करने आते हैं। उसके बावजूद इस हाट बाजार में सुविधा के नाम पर कुछ नहीं है। यह तक की व्यापारियों को दुकान लगाने जगह तक नसीब नहीं हो रही है, जिससे वह हाइवे की मुख्य सड़क पर दुकान लगाकर व्यापार करते हैं। इससे आवाजाही करने वाले आमजन की फजीहत हो रही है।

इस बुधवार को भी ऐसा ही नजारा हाट बाजार में देखने को मिला। हाइवे की मुख्य सड़क पर भोपाल नाका से जीन वाली दरगाह के बीच सड़क के दोनों किनारे हाथ ठेले वाले खड़ा कर सामान बेच रहे थे तो कई दुकानदारों ने दुकान लगा रखी थी। इससे दिनभर ट्रैफिक जाम की स्थिति बनने से आमजन को आने जाने में बहुत परेशानी हुई। दोपहर में भीड़ बढऩे से वाहन तेजी रैंगते हुए नजर आएं। लोगों का कहना था कि हर बाजार वाले दिन यह स्थिति बनती है फिर क्यों प्रशासन, नगर पालिका समस्या का निराकरण नहीं करती है।

कम पड़ रही है बाजार में जगह
बाजार में आष्टा के अलावा आसपास के १०० से अधिक गांव के लोग खरीदी करने आते हैं। मवेशी बाजार प्रसिद्ध होने से भोपाल, इंदौर तक से लोग पहुंचते हैं। जिससे जगह का अभाव बनने से कई व्यापारियों को हाट बाजार के दिन दुकान लगाने जगह नहीं मिलती है। वह सड़क पर दुकान लगाकर सामान बेचते हैं। पिछले दिनों व्यापारियों ने इसे लेकर अपना विरोध भी दर्ज कराया था। उल्लेखनीय है कि बाजार में कई दुकानदारों ने अपने स्थानों पर मिट्टी, पत्थर के बड़े ओटले बना लिए हैं, उससे भी जगह कम पड़ रही है।
सुविधा के नाम पर कुछ नहीं
विकासखंड में आष्टा का बाजार प्रसिद्ध माना जाता है। उसकी क्या स्थिति है इसका अंदाजा इससे ही लगाया जा सकता है कि बाजार की जगह समतल नहीं है तो पक्का क्रांकीट तक नहीं हुआ है। यह तक की टीनशेड भी नहीं बने हैं। गर्मी, ठंड के मौसम में व्यापारी दुकान लगाकर व्यापार कर लेते हैं, लेकिन बारिश के चार महीने परेशानी भरे निकलते हैं। बारिश में बाजार में हर कही गड्ढों में पानी भरने और कीचड़ फैलने से कई दुकानदार को दुकान लगाने तक की जगह नहीं मिलती है। वहीं बारिश होने पर सामान को बचाना मुश्किल हो जाता है। व्यापारियों ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्र में हाट बाजार योजना में बाजारों की स्थिति ठीक हो गई है, लेकिन आष्टा के बाजार में आज तक कुछ नहीं हुआ है। उल्लेखनीय है कि यह समस्या वर्षो से बनी हुई, जिसकी तरफ अनदेखी करना सिस्टम की पोल खोलता है।

Anil kumar Reporting
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned