नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति : किताबी शिक्षा को अब प्रायोगिक में बदलने का प्रयास

पं. एसएन शुक्ल विश्वविद्यालय में बेवीनार का आयोजन

By: Ramashankar mishra

Published: 14 Oct 2020, 12:51 PM IST

शहडोल. पं. एसएन शुक्ला विश्वविद्यालय शहडोल के नेशनल कैडेट्स क्रॉप्स के तत्वावधान में राष्ट्रीय शिक्षा नीति पर एक वेबिनार आयोजित किया गया। जिसका मुख्य उद्देश्य था कि जिस प्रकार एनसीसी राष्ट्रीय विचार को लेकर समाज व देश की सुरक्षा में अपना जीवन व्यतीत करते हैं उसी प्रकार से यह नवीन शिक्षा नीति भी राष्ट्र व समाज के उन्नति व विकास के साथ भारत को विश्व गुरु बनाने के लिए जिस शिक्षा नीति की आवश्यकता है निश्चित ही यह वैसा ही सिद्ध होने वाला है। वेबिनार में मुख्य वक्ता के रूप में पंडित शंभूनाथ शुक्ल विश्वविद्यालय शहडोल के एनसीसी अधिकारी लेफ्टिनेंट डॉ. जीएस संड्डया ने बताया कि मूल रूप से हमारी वर्तमान शिक्षा नीति में जिस आधार परिवर्तन की आवश्यकता है। यह नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति वह परिवर्तन लाएगी, साथ ही अब केंद्र में भी एक शिक्षा मंत्रालय होगा एवं उच्च शिक्षा के मूल नियमो में परिवर्तन करते हुए किताबी शिक्षा को प्रायोगिक शिक्षा में परिवर्तित करने का प्रयास इस शिक्षा नीति के माध्यम से होगा। मुख्य अतिथि कर्नल एन के यादव ने बताया की राष्ट्रीय शिक्षा नीति आने वाले समय मे भारत की पूरी शिक्षा नीति व शैक्षणिक परिदृश्य को बदल देगा व सकारात्मक सिद्ध होगा। वेबिनार में कर्नल एन के यादव व एनसीसी कैडेट्स, धीरज राठौर, अंकित शुक्ल, रिदम ताम्रकार, विवेक साहू, शिवानी शुक्ला, सपना सेंगर के साथ कई कैडेट्स व प्राध्यापक ऑनलाइन माध्यम से जुडे।

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