रतनजोत के बीज खाने से 15 स्कूली बच्चों की बिगड़ी हालत

विधायक के गृह गांव सोंठवा मला

 

 

By: Vivek Shrivastav

Published: 03 Dec 2019, 08:00 AM IST

श्योपुर. गांव सोंठवा में सोमवार को 15 स्कूली बच्चों की तबीयत तब बिगड़ गई, जब उन्होंने खाने की चीज समझकर सडक़ किनारे लगे रतनजोत के बीज खा लिए। बच्चों की तबीयत बिगडऩे के बाद ग्रामीणों ने उनको अस्पताल पहुंचाने के लिए 108 नंबर पर कॉल किया। मगर कॉल करने के बाद भी बच्चों को लेने के लिए काफी देर तक एंबुलेंस नही पहुंची। विधायक बाबू जंडेल ने इस संबंध में दखल दिया। तब पुलिस की डायल 100 गाड़ी बच्चों को लेने के लिए सोंठवा पहुंची। 12 बच्चों को इलाज के लिए जिला अस्पताल में दाखिल कराया। जबकि तीन बच्चों को उनके परिजन, एंबुलेंस के आने में हुई देरी के कारण निजी वाहन से राजस्थान ले गए। जहां बच्चों की हालत में सुधार बताया जा रहा है।

सोंठवा के स्कूल में पढऩे वाले बच्चे गोली बैरवा 10 वर्ष कक्षा 4, आरती बैरवा 10 वर्ष कक्षा 4, विक्रम बैरवा 9 वर्ष कक्षा 4, भारती बैरवा 6 वर्ष कक्षा 1, तेजपाल मीणा 11 वर्ष, कक्षा 5, राहुल मीणा 11 वर्ष कक्षा 5, कौशल मीणा 7 वर्ष कक्षा 2, सुनीता 9 वर्ष, किरण 8 वर्ष, प्रतिज्ञा 6 वर्ष, आस्था 11 वर्ष, मनीषा 10 वर्ष, सुनील 10 वर्ष, सुनीता 9 वर्ष, आदिती 8 वर्ष सोमवार को दोपहर में लंच होने पर स्कूल के बाहर चले गए। इन बच्चों ने स्कूल से कुछ दूर सडक़ किनारे लगे रतनजोत के बीजों को खा लिया। जब यह बच्चे स्कूल पहुंचे तो उनको उल्टियां होना शुरु हो गई। कई बच्चे बेहोश हो गए। जिसके बाद स्कूल स्टॉफ और ग्रामीणों को बच्चों के द्वारा रतनजोत के बीज खाने की बात चली।

विधायक ने दखल दिया, तब पहुंची गाड़ी

ग्रामीणों ने बताया, बच्चों को अस्पताल ले जाने के लिए एंबुलेंस बुलाने 108 नंबर पर कॉल किया। एंबुलेंस काफी देर तक नहीं पहुंची। इसके बाद इस बारे में विधायक बाबू जंडेल को बताया। विधायक के दखल के बाद पुलिस की डायल 100 गाड़ी बच्चों को लेने के लिए सोंठवा पहुंची। तब तक तीन बच्चों को उनके परिजन निजी वाहन से राजस्थान ले गए। जबकि 12 बच्चों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। अस्पताल में विधायक बाबू जंडेल, खंड शिक्षा अधिकारी केसी गोयल भी पहुंच गए।

Vivek Shrivastav
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