खेत व खलिहान में आग लगने से खाक हुई लाखों की फसल

चुरहट क्षेत्र बडख़रा 737 गांव की घटना, किसानों की मेहनत पर फिरा पानी

By: Manoj Pandey

Updated: 18 Apr 2020, 08:53 PM IST

सीधी। जिले के चुरहट थाना अंतर्गत बडख़रा 737 गांव में एक किसान के खेत में पककर तैयारी गेहूं की खड़ी फसल में अज्ञात कारणों से आग लगने के कारण करीब सात एकड़ में लगी गेहूं की फसल जलकर खाक हो गई। वहीं इसी गांव के एक खलिहान में आग लगने से तीन किसानों की रबी की फसलें जलकर खाक हो गई। इन दोनों आगजनी की घटनाओं में किसानों को लाखों का नुकसान हुआ है। घटना की सूचना राजस्व व पुलिस विभाग को दे दी गई है।
घटना के संबंध में प्राप्त जानकारी के अनुसार चुरहट तहसील अंतर्गत बडख़रा 737 गांव निवासी किसान सुखेंद्र ङ्क्षसह पिता रतिभान ङ्क्षसह की एक बांध में सात एकड़ से अधिक खेत में गेहूं की फसल पक कर तैयार हो चुकी थी, लॉक डाउन के कारण फसल कटाई के लिए श्रमिक न मिलने से अभी कटाई नहीं हो पाई थी, किसान सुखेंद्र ङ्क्षसह फसल कटाई के लिए श्रमिक ढूंढ रहे थे, कि गुरूवार की दोपहर करीब एक बजे अचानक खड़ी फसल में आग लग गई और आग तेजी के साथ फैलने लगी। आगजनी की सूचना मिलने पर सुखेंद्र ङ्क्षसह सहित गांव के अन्य किसान फसल बचाने के प्रयाश में जुट गए, लेकिन आग तेजी के साथ फैलती जा रही थी। किसान द्वारा इसकी सूचना फायर ब्रिगेड को दी गई, लेकिन चुरहटर नगर पंचायत से जब तक फायर ब्रिगेड पहुंचा तब तक करीब सात एकड़ की गेहूं की फसल जलकर खाक हो गई।
इधर खलिहान में आग लगने से तीन किसानों की फसल खाक-
बडख़रा 737 गांव में जिस समय किसाना सुखेंद्र सिंह के खेत की खड़ी फसल में आग लगी थी, उसी समय गांव के ही एक खलिहान में अज्ञात कारणों से आग लग गई। इस खलिहान में गांव के एक ही परिवार के तीन किसानों द्रिगेंद्र ङ्क्षसह, मृगेंद्र ङ्क्षसह तथा धु्रव सिंह की रबी की फसलें काटने के बाद गहाई के लिए रखी हुईं थी, जिसमें गेहूं, चना, जौ, अरहर तथा मसूर की फसलें से शामिल थी। आगजनी की सूचना के बाद पीडि़त किसानों सहित गांव के अन्य किसानों ने आग बुझाने के प्रयाश शुरू किया लेकिन जब तक भड़की आग पर काबू पाया जाता तब तक लाखों रुपए की फसल जलकर खाक हो चुकी थी। कोरोना वायरस के संक्रमण के दौर में किसानों की फसले आगजनी में खाक होने से उक्त किसान काफी परेशान हैं। उनका कहना है कि वैसे भी रबी की फसलें ओलाबृष् िट के कारण खराब हो गई थी, और जो कुछ बची थी वह खेत व खलिहान में आगजनी से खाक हो गईं। ऐसे में सारी मेहनत पर पानी फिर गया है, अब वर्ष भर की चिंता सता रही है कि परिवार का भरण पोषण कैसे होगा।

Manoj Pandey
और पढ़े

MP/CG लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned