कलेक्टर का स्टेनो निलंबित पटवारियों से बहाली के नाम पर वसूल रहा रिश्वत, यहां पढ़ें पूरी खबर

बहाली न होने के बाद की जा रही रिश्वत राशि की मांग, आडियो हो रहा वायरल, एक दर्जन से ज्यादा पटवारी हो चुके हैं स्टेनो का शिकार

By: suresh mishra

Published: 25 Apr 2018, 05:41 PM IST

सीधी। निलंबित पटवारियों से बहाली के नाम पर रुपए की वसूली का मामला सामने आया है। अचरज की बात तो यह है कि वसूली कलेक्टर के नाम पर की गई गई, वसूली करने वाला कोई और नहीं बल्कि कलेक्टर का स्टेनो है। रुपए लेने के बाद भी पटवारियों की बहाली नहीं की गई। जिस पर पटवारियों ने स्टेनों से दी गई रिश्वत की मांग शुरू कर दी गई है। लेकिन स्टेनों राशि देने को तैयार नहीं है। इसलिए राशि देने वाले पटवारी शिकायत पर उतारू हो गए हैं। उक्त मामले का खुलासा वायरल हो रही आडियो से हो पाया है।

एक दर्जन से ज्यादा पटवारी निलंबित

मालुम हो कि रेल्वे लाइन में फंसने वाली जमीन की रजिस्ट्री, नामांतरण में पटवारियों ने मनमानी बरती थी। अनियमितता पाए जाने पर कलेक्टर ने एक दर्जन से ज्यादा पटवारियों को निलंबित कर दिया गया था। निलंबन के बाद पटवारी बहाली के प्रयास में जुट गए।

स्टेनो रुपए वापस करने को तैयार नहीं

जिसका फायदा कलेक्टर के स्टेनों ने उठाया। वे कलेक्टर व राजस्व शाखा प्रभारी एक डिप्टी कलेक्टर के नाम पर बहाली के एवज में रुपए की डिमांड की गई। रुपए पाने के बाद भी जब पटवारियों की बहाली नहीं हुई तब पटवारियों ने स्टेनों से रुपए वापस करने की मांग पर अड़े हुए हैं लेकिन स्टेनो राजेश शुक्ला रुपए वापस करने को तैयार नहीं हो रहा है।

रेल्वे लाइन में आने वाली जमीन की मनमानी खरीदी
बताते चलें कि जिले के बहुत से पटवारियों ने बिना सक्षम अधिकारी की अनुमति लिए ही अपने व परिजनों के नाम पर रेल्वे लाइन में फंसने वाली जमीन की खरीदी की। वहीं गलत तरीके से जमीन का नामांतरण किया गया। शिकायत पर कलेक्टर ने करीब एक दर्जन से ज्यादा पटवारियों को निलंबित कर दिया। अब अब वही पटवारी बहाली के लिए रिश्वत दे रहे हैं।

70 हजार वसूली का आडियो हो रही वायरल
वायरल हुए आडियों की मानें तो पटवारियों से बहाली के एवज में 70 हजार रुपए की वसूली की गई। एक पटवारी ने बताया गया कि कलेक्टर द्वारा जारी किए गए आरोप पत्र का जवाब देने कलेक्ट्रेट गया था। जहां स्टेनो ने कहा कि बहाली चाहते हो तो रुपए देने पड़ेगे।

एक किश्त में 50 हजार रुपए दिए

रुपए लेने के लिए अपने बंगले में स्टेनो ने बुलाया। जहां एक किश्त में 50 हजार रुपए दिए। फिर स्टेनों राजेश शुक्ला ने कहा कि अभी और देना पड़ेगा। दूसरी किश्त बतौर 20 हजार रुपए फिर लिए। इस तरह एक पटवारी ने 70 हजार रुपए दिए। इसके बाद भी निलंबित पटवारी बहाल नहीं हो पाए, जिस पर शिकायतों का दौर शुरू हो गया है।

मैने नहीं लिए हैं रुपए
पटवारियों से बहाली के बदले में रुपए लेने के संदर्भ में मुझे कोई जानकारी नहीं है, मैं रुपए नहीं लिया हूं, स्टेनों को बुलाकर पूछता हूं।
राजेश सिंन्हा, डिप्टी कलेक्टर सीधी

गलत किया गया है
लापरवाही पर पटवारी को निलंबित किया गया है, यदि बहाली के एवज में रुपए की मांग की गई या लिया गया है तो गलत किया गया है, मेरे संज्ञान में यह मामला नहीं है पता कराता हूं।
दिलीप कुमार , कलेक्टर सीधी

suresh mishra
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