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सरकार तीन साल कर रही बाहरी राज्य के विद्यार्थियों का कोटा कम करने का दावा, राहत अभी तक नहीं

प्रदेश में सरकारी नौकरियों में स्थानीय युवाओं को ज्यादा मौका दिए जाने के लिए बाहरी राज्यों के अभ्यर्थियों का कोटा कम करने का वादा अभी भी सरकारी दावे-वादों में उलझा हुआ है।

सीकर

Updated: March 28, 2022 11:23:38 am

Recruitment. सीकर. प्रदेश में सरकारी नौकरियों में स्थानीय युवाओं को ज्यादा मौका दिए जाने के लिए बाहरी राज्यों के अभ्यर्थियों का कोटा कम करने का वादा अभी भी सरकारी दावे-वादों में उलझा हुआ है। सरकार तीन साल में पांच बार बाहरी राज्य के अभ्यर्थियों का कोटा कम करने का ऐलान कर चुकी है। लेकिन अभी तक धरातल पर कुछ नहीं है। जबकि आगामी डेढ़ साल में शिक्षक से लेकर वनपाल, प्रयोगशाला सहायक सहित अन्य एक लाख पदों पर भर्ती होनी है। प्रदेश के बेरोजगारों का कहना है कि सरकार की ओर से अभी तक अपना यह वादा नहीं निभाया है। इसका खामियाजा आगामी भर्तियों में बेरोजगारों को भुगतना पड़ेगा। दूसरी तरफ मध्यप्रदेश, बिहार व हरियाणा सरकार ने इस दिशा में राहत देने की पहल की है। हरियाणा में भी वहां युवाओं को सरकारी नौकरियों में इस कानून के बाद फायदा भी मिलना शुरू हो गया है। वहीं प्रदेश के युवा रीट प्रथम लेवल, पटवार, आरएएस व सीएचओ सहित अन्य दस भर्तियों में प्रदेश के युवा खामियाजा भुगत चुके है। ऐसे में युवाओं की ओर से आगमी समय में होने वाली भर्तियों से पहले नियमों में बदलाव की मांग की जा रही है।

सरकार तीन साल कर रही बाहरी राज्य के विद्यार्थियों का कोटा कम करने का दावा, राहत अभी तक नहीं
सरकार तीन साल कर रही बाहरी राज्य के विद्यार्थियों का कोटा कम करने का दावा, राहत अभी तक नहीं


आगामी समय में यह होने वाली है बड़ी भर्ती
Rajasthan Recruitment
रीट 46 हजार

कम्प्यूटर शिक्षक 10157
द्वितीय श्रेणी शिक्षक 9700

प्रथम श्रेणी व्याख्याता 6 हजार
पुलिस कांस्टेबल 4 हजार

पशुधन सहायक 1136

और इन भर्तियों से होंगे बेरोजगारों के सपने पूरे
तृतीय श्रेणी शिक्षक भर्ती: पिछली बार सात फीसदी से ज्यादा आए बाहरी
तृतीय श्रेणी शिक्षक भर्ती 2018 में वैटेज की वजह से दो से सात फीसदी तक दूसरे राज्यों के अभ्यर्थियों का चयन हो गया था। इस बार भले ही रीट के पैटर्न में बदलाव हो गया हो लेकिन बाहरी राज्यों के अभ्यर्थियों के बाजी मारने की संभावना है। रीट प्रथम लेवल के पिछले दिनों घोषित परिणाम में दूसरे राज्यों के अभ्यर्थियों का चयन हुआ है।

कम्प्यूटर शिक्षक भर्ती: अभी से अभ्यर्थियों को सता रही चिन्ता

कप्यूटर शिक्षक भर्ती में आवेदन करने वाले प्रदेश के युवाओं को अभी से बाहरी राज्य के अभ्यर्थियों से टक्कर मिलने की चिन्ता सता रही है। बेरोजगारों का कहना है कि भर्ती में दिल्ली, उत्तरप्रदेश, हरियाणा, महाराष्ट व बिहार के सैकड़ों अभ्यर्थियों ने आवेदन किए है। जबकि प्रदेश में यह भर्ती पहली बार होनी है।
अन्य राज्यों में यह फॉर्मला, हमारे यहां क्यों नहीं
राजस्थान में अभी तक दूसरे राज्यों का कोटा तय नहीं है। इस कारण सामान्य श्रेणी में वह बाजी मार ले जाते हैं। दूसरी तरफ प्रदेश के कई राज्यों की ओर से पांच फीसदी आरक्षण तय कर रखा है। इसके लिए सबसे पहले मध्यप्रदेश सरकार की ओर से पहल की गई। हालांकि यहां अभी तक फायदा मिलना बेरोजगारों को शुरू नहीं हुआ है। वहीं पंजाब सहित अन्य राज्यों में स्थानीय भाषा के टॉपिक ज्यादा दिए जाते है इससे स्थानीय अभ्यर्थियों को फायदा मिलता है। लेकिन राजस्थान में अभी ऐसा कुछ प्रावधान नहीं है। पिछले दिनों हरियाणा सरकार ने 15 साल से निवासरत स्थानीय अभ्यर्थियों को नौकरियों को प्राथमिकता देने की घोषणा की थी। इसके अलावा पिछले दिनों बिहार सरकार ने भी इस दिशा में कदम आगे बढ़ाए है।


विधानसभा में गूंजा मामला, विपक्ष भी दे चुका समर्थन

प्रतियोगी परीक्षाओं में बाहारी अभ्यर्थियों की सीमा तय करने के लिए मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की अगुवाई में पिछले साल इसी महीने में कार्मिक विभाग सहित अन्य विभागों के अधिकारियों की बैठक हुई थी। इस दौरान मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को जल्द इस मामले में रिपोर्ट बनाने के आदेश दिए थे। लेकिन एक साल बाद भी कुछ नहीं हुआ। इस मुद्दे का भाजपा ने भी समर्थन किया था। वहीं विधानसभा में भी यह मुद्दा कई बार गूंज चुका है। रीट द्वितीय लेवल का प्रश्न पत्र आऊट होने के दौरान भी सरकार ने इस मुद्दे पर बेरोजगारों को राहत देने का आश्वासन दिया था।


इनका कहना है
प्रदेश में विधानसभा चुनाव के समय से बाहरी राज्यों के अभ्यर्थियों का कोटा कम करने का दावा किया जा रहा है। लेकिन अभी तक प्रदेश के बेरोजगारों को राहत नहीं मिली है। आगामी डेढ़ साल में सबसे ज्यादा भर्तियां होनी है। यदि सरकार की ओर से जल्द इस संबंध में कानून नहीं बनाया तो प्रदेश के बेरोजगारों की ओर से जन आंदोलन किया जाएगा।

उपेन यादव, प्रदेश अध्यक्ष, राजस्थान बेरोजगार एकीकृत महासंघ

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