ये क्या! देश के इस कोने में एक के बाद एक तीसरे बच्चे का जन्म बदल रहा सत्ता के समीकरण

what is this The birth of one third child in this corner...

सियासत के नाते आया संतान विवाद, भंवर में आए माननीय!

By: Gaurav

Published: 27 Feb 2021, 07:22 PM IST

-रींगस पालिकाध्यक्ष के खिलाफ मामला दर्ज,
-दो शादी व तीन संतान का तथ्य छुपाने के नगर पालिकाध्यक्ष पर लगाए आरोप
सीकर. सियासत में उलझता संतान विवाद माननीयों की कुर्सी पर खतरा बढ़ा रहा है। लक्ष्मणगढ़ में संतान विवाद की वजह से एक माननीय को प्रधानी की कुर्सी से हाथ धोना पड़ा। अब रींगस में पालिकाध्यक्ष के खिलाफ दो से ज्यादा संतान का मामला दर्ज हुआ है। दरअसल, यहां चुनाव के दौरान निर्दलीय पार्षद सबसे ज्यादा जीतकर आए थे। लेकिन सियासी उठापटक ने पूरे समीकरण ही बदल दिए। इससे के बाद से यहां सियासी पारा गर्माया हुआ है। पहले एक पार्षद के अपहरण को लेकर रींगस नगर पालिका पूरे प्रदेश में सुर्खियों में आई। पालिकाध्यक्ष के खिलाफ दर्ज हुए मामले ने सियासी पारे उफान पर ला दिया है। इधर, पालिकाध्यक्ष ने शिकायत को पूरी तरह निराधार बताया है। लेकिन पुलिस जांच में शिकायत में सत्यता दिखी तो रींगस में कुर्सी के समीकरण बदल सकते हैं।


इधर, रींगस थानाधिकारी बद्री प्रसाद मीणा ने बताया कि वार्ड 34 के पार्षद ओमप्रकाश पुत्र श्रीराम बुडी ने मामला दर्ज कराया है कि पालिकाध्यक्ष अशोक कुमावत ने तथ्य छुपाते हुए वार्ड 12 से पार्षद का चुनाव लड़ा है। अपने नामांकन में अशोक कुमावत ने एक पत्नी मीनाक्षी एवं दो संतान निहारिका व अर्पिता का जिक्र किया है।
अशोक कुमावत की पहली शादी वर्ष 2006 में सविता देवी से हुई थी। सविता देवी व अशोक कुमावत की एक पुत्री निहारिका है।
बाद में अशोक कुमावत ने सविता देवी को छोडकऱ हिन्दू रीति रिवाज से दूसरी शादी मीनाक्षी कुमावत के साथ कर ली थी। अशोक कुमावत व मिनाक्षी की दो पुत्रिया निहारिका व अर्पिता है। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि अशोक कुमावत के तीन संतान होने के बावजूद निर्वाचन अधिकारी को गलत जानकारी देकर चुनाव लड़ा है।


कोर्ट में तलाक को लेकर चल रहा मामला
पार्षद ओमप्रकाश ने आरोप लगाया है कि पालिकाध्यक्ष अशोक कुमावत व उसकी पहली पत्नी सविता देवी के बीच तलाक को लेकर न्यायालय में मामला अभी विचाराधीन है। सविता देवी ने 2009 में खाटूश्यामजी थाने में अशोक कुमावत के खिलाफ मामला दर्ज करवाया था। अशोक कुमावत ने कोर्ट में तलाक के लिए याचिका लगाई गई थी। दोनों पक्षों द्वारा दिए गए शपथ पत्र में पुत्री का भी जिक्र है।


1.8 लाख रुपए की राशि का किया गबन
पार्षद ओमप्रकाश ने पालिकाध्यक्ष पर सरकारी राशि को गबन करने का भी आरोप लगाया है। उन्होने बताया कि पालिकाध्यक्ष अशोक कुमावत पिछले पालिका बोर्ड में भी वार्ड-11 से पार्षद का चुनाव जीतकर आए थे तथा पूरे पांच साल तक बोर्ड के सदस्य रहे थे। 1800 रुपए के हिसाब से पांच साल में एक लाख आठ हजार रुपए की सरकारी राशि भत्ते के तौर पर मिली थी। इसे नगर पालिका नियमों के हिसाब से गबन बताया गया है।


पूरे मामले की जांच होनी चाहिए: शिकायतकर्ता
पालिकाध्यक्ष ने कूटरचित दस्तावेज के आधार पर पहले पार्षद का चुनाव जीतकर लाखों रुपए की सरकारी राशि का गबन किया गया। वर्तमान में दुबारा कूटरचित दस्तावेज के आधार पर चुनाव जीता है। पूरे मामले की जांच होनी चाहिए। -ओमप्रकाश, पार्षद वार्ड 34 नगरपालिका, रींगस

चुनावी रंजिश: पालिकाध्यक्ष
चुनावी रंजिश को लेकर मामला दर्ज करवाया गया है। मैंने कोई गलत जानकारी नहीं दी। सभी आरोप झूठे है। - अशोक कुमावत, अध्यक्ष नगरपालिका, रींगस

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned