कोरोना संक्रमण की महामारी में एफसीआइ ने सात साल का एमएसपी पर गेहूं खरीद का तोड़ा रेकॉर्ड

--13.48 लाख मीट्रिक टन गेहूं की हुई खरीद-राज्य में श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ जिले गेहूं खरीद में टॉप पर

By: Krishan chauhan

Updated: 15 Jun 2021, 10:15 AM IST

13.48 लाख मीट्रिक टन गेहूं की हुई खरीद---कोरोना संक्रमण की महामारी में एफसीआइ ने सात साल का एमएसपी पर गेहूं खरीद का तोड़ा रेकॉर्ड

-राज्य में श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ जिले गेहूं खरीद में टॉप पर

पत्रिका एक्सक्लूसिव-कृष्ण चौहान

श्रीगंगानगर.कृषि बाहुल्य श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ जिले की धरती सोना उगली रही है। राज्य में जिला कृषि में सिरमौर है। साथ ही अन्न का उत्पादन अधिक करने से अन्न का कटौरा नाम से भी विख्यात है। भारतीय खाद्य निगम (एफसीआइ)ने पिछले सात साल का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी)पर कोविड-19 की महामारी के बीच रेकॉर्ड 13.48 लाख मीट्रिक टन गेहूं की खरीद की है। जबकि इस सीजन में श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ जिले में एमएसपी पर गेहूं खरीद का लक्ष्य 13 लाख 24 हजार मीट्रिक टन था। जबकि लक्ष्य से अधिक गेहूं की खरीद अभी तक की जा चुकी है। हालांकि वर्ष 2014-15 में रेकार्ड 13 लाख 41 हजार 354 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद की गई थी। इस वर्ष यह रेकॉर्ड भी तोड़ दिया है। हालांकि उस समय राज्य सरकार ने गेहूं पर 150 रुपए प्रति क्विंटल बोनस दिया था।

राज्य में टॉप पर गेहूं खरीद

भारतीय खाद्य निगम को इस बार राज्य में 22 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीद करने का लक्ष्य मिला था। इसमें श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ जिले का लक्ष्य 13 लाख 24 हजार मीट्रिक टन था। गेहूं खरीद के शुरू में पोर्टल पर ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन,गुणवत्ता में गेहूं की सिकुड़,टूटे हुए दाने व चमक फीकी होने जैसे कई व्यवधान आड़े आ गए। इस कारण गेहूं खरीद की रफ्तार अपेक्षाकृत धीमी रही है। एफसीआइ ने राज्य में इस बार एमएसपी पर 21 लाख 95 हजार मीट्रिक टन गेहूं की खरीद कर ली है। जबकि राज्य में श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ जिले में 13 लाख 48 हजार मीट्रिक टन गेहूं खरीद कर चुका है। गेहूं की खरीद में श्रीगंगानगर मंडल राज्य में टॉप पर रहा है। जबकि दूसरे नंबर पर कोटा ने 5 लाख 86 हजार मीट्रिक टन गेहूं की खरीद की है।

एक बार मिला था बोनस

वर्ष 2014-15 में 1450 रुपए प्रति क्विंटल एमएसपी पर गेहूं की खरीद की गई थी। इस बीच राज्य सरकार ने प्रति क्विंटल 150 रुपए बोनस दिया था। पहली बार किसानों को बोनस मिला। इस कारण 13 लाख 41 हजार 354 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद की गई। बोनस के चक्कर में श्रीगंगगानगर-हनुमानगढ़ जिले की बॉर्डर पंजाब,हरियाण क्षेत्र के किसानों ने राजस्थान की मंडियों में यहां के किसानों के नाम गेहूं की ब्रिकी कर बोनस का लाभ उठाया था।
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फैक्ट फाइल

एक दशक का गेहूं खरीद का गणित

वर्ष लक्ष्य गेहूं की खरीद
2011-12 600000 790174

2012-13 818000 1026619
2013-14 1010000 842470

2014-15 1330000 1341354
2015-16 1100000 884443

2016-17 1100000 740716
2017-18 1050000 723522

2018-19 932000 1027108
2019-20 1152000 1090811

2020-21 1281000 1338000
2021-22 1324000 1348000

(मीट्रिक टन )

राज्य में गेहूं की खरीद- 21 लाख 95 हजार मीट्रिक टन

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गेहूं खरीद का गणित

-श्रीगंगानगर में गेहूं खरीद-6 लाख 63 हजार मीट्रिक टन

-हनुमानगढ़ में गेहूं खरीद- 6 लाख 85 हजार मीट्रिक टन

-श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ जिले में गेहूं खरीद-13 लाख 48 हजार मीट्रिक टन

-गेहूं की एमएसपी-1975 रुपए प्रति क्विंटल

भुगतान का गणित

-श्रीगंगानगर में भुगतान किया-1060 करोड़
-हनुमानगढ़ में भुगतान किया-1188 करोड़

-श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ जिले में भुगतान किया-2248 करोड़
-श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ जिले के किसानों को राशि मिली-1 लाख 9 हजार 836

वर्ष 2014-15 में राज्य सरकार ने गेहूं खरीद पर डेढ़ सौ रुपए प्रति क्विंटल बोनस दिया था। तब किसानों ने निजी व्यापारियों की बजाए एफसीआइ को गेहूं का बेचान किया था। इस बार कोरोना संक्रमण के बीच भी एफसीआइ ने रेकॉर्ड गेहूं की खरीद की है।

हनुमान गोयल,जिलाध्यक्ष,श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ संयुक्त व्यापार मंडल ।

कोरोना महामारी की दूसरी लहर के बीच एफसीआइ ने एमएसपी पर गेहूं खरीद का पिछले सात साल का रेकॉर्ड तोड़ दिया है। श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ जिले में इस वर्ष लक्ष्य से अधिक 13.48 लाख मीट्रिक टन गेहूं की खरीद कर चुका है। करीब 50 हजार मीट्रिक टन गेहूं की खरीद ओर होने की संभावना है।

चुक्रेश कुरील,मंडल प्रबंधक,भारतीय खाद्य निगम,श्रीगंगानगर।

Krishan chauhan Reporting
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