विभाग के पास घरों में चल रहे अवैध बूस्टरों की संख्या के भी आंकड़े उपलब्ध नहीं है, कागजों में ही हो रही धरपकड़

vijay ram

Publish: May, 18 2017 02:34:00 (IST)

Jaipur, Rajasthan, India
विभाग के पास घरों में चल रहे अवैध बूस्टरों की संख्या के भी आंकड़े उपलब्ध नहीं है, कागजों में ही हो रही धरपकड़

जनता के विरोध के चलते जलदाय विभाग शिकायतों पर ही कर रहा है कार्रवाई...

पेयजल लाइन से सीधे बूस्टर लगाकर दूसरों के हक का पानी खींचने वालों के खिलाफ जलदाय विभाग का अभियान सुस्त पड़ गया है। जनता के विरोध के अलावा पुलिस जाप्ता नहीं मिलने से खफा जलदाय अभियंता फौरी कार्रवाई कर अभियान की इतिश्री कर रहे हैं तो दूसरी ओर अभियंता अब केवल दर्ज शिकायतों पर ही कार्रवाई कर रहे हैं।



मिली जानकारी के अनुसार शहर में करीब चार लाख से ज्यादा पेयजल कनेक्शन हैं जबकि शहरभर की हर कॉलोनियों में अवैध बूस्टरों की बाढ़ ने सरकारी पेयजल तंत्र को ठप कर दिया है। जलदाय विभाग के पास भी कॉलोनियों के घरों में चल रहे अवैध बूस्टरों की सटीक संख्या के आंकड़े उपलब्ध नहीं है।



बीते माह जलदाय मंत्री सुरेंद्र गोयल ने अवैध बूस्टर और पेयजल कनेक्शनों से सरकारी पानी के दुरुपयोग की रोकथाम के लिए सघन अभियान चलाने के निर्देश दिए थे, लेकिन अब तक पकड़े गए बूस्टरों की संख्या उपयोग किए जा रहे बूस्टरों के अनुपात में नगण्य रही है। बीते सप्ताह मालवीय नगर उपखंड क्ष़ेत्र के झालाना कच्ची बस्ती में बूस्टरों की धरपकड़ के दौरान स्थानीय लोगों ने विभाग के कनिष्ठ अभियंता राजसिंह के साथ अभद्रता कर पकड़े गए बूस्टर छीन लिए।



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मामले में अभियंता ने गांधीनगर थाने में नामजद मामला भी दर्ज कराया, लेकिन पुलिस ने अब तक आरोपित के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की। वहीं दूसरी ओर वैशाली नगर क्षेत्र में चलाए धरपकड़ अभियान के दौरान स्थानीय लोगों के विरोध के चलते विभाग के आलाधिकारियों ने बूस्टर हटाने की कार्रवाई बीच में ही रोक दी है। जलदाय अधिकारियों के अनुसार अब दर्ज शिकायतों पर ही कार्रवाई करने के निर्देश मिले हैं, लेकिन उपभोक्ताओं में जागरुकता की कमी के चलते बूस्टरों और अवैध जल कनेक्शनों की शिकायतें कम दर्ज होने से अभियान फिलहाल ठंडे बस्ते में डाल दिया गया है।



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