अब यहां बेटियों के नाम से होगी पेड़ों की पहचान

Kota, Rajasthan, India
अब यहां बेटियों के नाम से होगी पेड़ों की पहचान

कोटा के जगपुरा व केबलनगर में राजश्री बेटी वृक्ष वाटिका विकसित की जाएगी। जिसमें पेड़ों की पहचान बेटियों के नाम पर होगी। सोमवार से शुरू हिए जिला स्तरीय वन महोत्सव से इसकी शुरुआत हुई।

कोटा जिले में सोमवार को मुख्यमंत्री जल स्वावलम्बन अभियान के द्वितीय चरण के तहत रानपुर व आलनिया में जिला स्तरीय वन महोत्सव का आगाज हुआ। दोनों जगहों पर राजश्री बेटी वृक्ष वाटिका विकसित की गई। इस वाटिका में 2016 में जन्मी बेटियों के नामों के पौधे लगाए हैं। यहां बेटियों के नाम से पेड़ों की पहचान होगी। 





जगपुरा में रियासतकालीन बाग में तैयार वाटिका में 2500 तथा आलनिया में 1200 पौधे लगाए जाएंगे। जगपुरा में राजश्री वाटिका में कृषि मंत्री ने जैतून व आलनिया में पीपल का पौधा रोपकर कार्यक्रम की शुरुआत की। कार्यक्रम में राजश्री योजना में लाभान्वित बेटियों के हाथ से भी पौधे लगवाए गए।



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पांच लाख पौधे लगाने का लक्ष्य

रानपुर में कृषि मंत्री प्रभुलाल सैनी ने कहा कि प्रदेश में प्रत्येक गांव में बेटियों के नाम पर वाटिका निर्माण से पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ बेटियों के मान-सम्मान में भी वृद्धि होगी। उन्होंने उपस्थित ग्रामीणों को आह्वान किया कि बेटियों की भांति पौधों की भी देखभाल करें। कोटा जिले में एमजेएसए प्रथम चरण में गत वर्ष एक लाख पौधे लगाए गए थे। द्वितीय चरण में पांच लाख पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है। 



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मिलकर निभाएंगे सुरक्षा की जिम्मेदारी 

कार्यक्रम में मंत्री ने राजश्री योजना में चयनित बेटियों के साथ उनकी माताओं को भी श्रीफ ल एवं प्रतीक चिन्ह देकर सम्मानित किया। उधर, आलनिया में आयोजित कार्यक्रम में जिला कलक्टर रोहित गुप्ता ने कहा कि पौधा लगाने के साथ-साथ उसकी सुरक्षा का दायित्व सबसे अहम है, जिसे हम सबको मिलकर निभाना चाहिए।

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