खण्डहर हो रहा बर का शारदा छात्रावास

Pali, Rajasthan, India
खण्डहर हो रहा बर का शारदा छात्रावास

मार्गदर्शन के नाम पर बीत गए छह माह



रायपुर मारवाड़. सरकारी निर्माण करने वाले ठेकेदारों पर विभाग मेहरबान रहते हैं। इसका उदाहरण है बर स्थित शारदा छात्रावास। इस छात्रावास के निर्माण में घटिया निर्माण की पुष्टि होने तथा एसीबी में प्रकरण दर्ज किया गया था। इसके बावजूद अब तक न तो टेंडर निरस्त किया गया और न ही बंद निर्माण कार्य को शुरू करवाया गया है। इधर, संबधित महकमे के जिम्मेदार पिछले छह माह से उच्चाधिकारियों का मार्गदर्शन प्राप्त नहीं होने का तर्क दे रहे हैं।

राज्य सरकार ने उपखण्ड स्तरीय शारदा छात्रावास भवन के लिए डेढ़ करोड़ रुपए का बजट पारित किया था। रमसा की देखरेख में इसके बाद बर के बालिका माध्यमिक विद्यालय परिसर में शारदा छात्रावास भवन निर्माण कार्य शुरू करवाया गया था। इस भवन का दस माह में निर्माण पूरा करना था, लेकिन ठेकेदार ने एक साल बाद निर्माण पूरा नहीं किया। इसकी जानकारी पर एक नवम्बर को उपखण्ड अधिकारी मोहनलाल खटनावलिया ने भवन का निरीक्षण किया। जिसमें निर्माण कार्य अधूरा होने के साथ घटिया निर्माण सामग्री का उपयोग करना सामने आया। इस पर उपखण्ड अधिकारी ने कलक्टर को रिपोर्ट भेज कार्रवाई की अनुशंसा की थी।

एसीबी ने मारा था छापा

उपखण्ड अधिकारी की रिपोर्ट के बाद तत्कालीन कलक्टर कुमारपाल गौतम ने एसीबी एएसपी कैलाशदान जुगतावत को कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने 11 नवम्बर को निर्माण स्थल से सामग्री के सैम्पल लेने के साथ ही कुछ रिकॉर्ड जब्त किया था। इसकी जांच रिपोर्ट पर एसीबी के जयपुर मुख्यालय में संबंधित ठेकेदार व रमसा के एईएन-जेईएन के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। इसके बाद से ही निर्माण कार्य बंद है। यहां निर्माण कार्य बंद होने के बाद रमसा के अधिकारियों ने ठेकेदार के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की। बंद कार्य को शुरू भी नहीं करवाया। जबकि इस छात्रावास में ब्लॉक की 100 से भी अधिक छात्राओं को रहने की सुविधा मिलनी थी।

गंभीर बात है

घटिया निर्माण की बात सामने आने व एसीबी में मामला दर्ज होने के बाद भी रमसा अधिकारियों का मौन रहना गंभीर बात है। कलक्टर व रमसा के उच्च अधिकारियों को पत्र भेज ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई करवाकर निर्माण कार्य शुरू करवाने की अनुशंसा की जाएगी ।

मोहनलाल खटनावलिया, उपखण्ड अधिकारी, रायपुर

नहीं मिला मार्गदर्शन

हमने इस मामले में जयपुर मुख्यालय रिपोर्ट भेज कार्रवाई के लिए मार्गदर्शन मांगा था। आज तक मार्गदर्शन नहीं मिला है। ऐसे में हम कार्रवाई नहीं कर पा रहे हैं। कार्यालय से जेईएन को जयपुर भेज शीघ्र ही मार्गदर्शन प्राप्त कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

लालाराम प्रजापत, एडीपीसी, रमसा, पाली



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