सरकारी मदद नहीं मिली तो भामाशाह आगे आए

pawan pareek

Publish: Apr, 17 2017 01:42:00 (IST)

Jodhpur, Rajasthan, India
सरकारी मदद नहीं मिली तो भामाशाह आगे आए

करीब एक साल पहले श्रीरामनगर में ओमप्रकाश ब्राह्मण के आवासीय घर में लगी आग में उसके घर का पांच वर्षीय चिराग पांचाराम जिंदा जल गया, पूरा घर राख के ढेर में तब्दील हो गया।

करीब एक साल पहले श्रीरामनगर में ओमप्रकाश ब्राह्मण के आवासीय घर में लगी आग में उसके घर का पांच वर्षीय चिराग पांचाराम जिंदा जल गया, पूरा घर राख के ढेर में तब्दील हो गया।


परिवार की माली हालत खराब थी। उस समय मौके पर पहुंचे तहसीलदार नीरज मिश्र ने इस घटना पर दुख जताते हुए परिवार को आर्थिक सहायता दिलाने का आश्वासन दिया था।


फाइल भी चली, लेकिन राज्य सरकार से अब तक ओमप्रकाश को किसी प्रकार की आर्थिक सहायता नहीं मिली है। 

स्वीकृति के अभाव में फाइल अटकी पड़ी है। पत्रिका में इस खबर के प्रकाशन के बाद सरकारी अधिकारियों का दिल तो नहीं पसीजा, मगर भामाशाह आगे आए और ओमप्रकाश के तीन बच्चों की शिक्षा का जिम्मा लिया।

ओसियां उपखंड के श्रीरामनगगर ग्राम पंचायत में पीडि़त परिवार के मुखिया ओमप्रकाश ब्राह्मण ने पत्रिका को बताया कि घटना के बाद जब ब्राह्मण समाज के संगठनों ने उनकी बच्चियों के नाम एफडीआर की बात कही तो बैंक में वो खुद व बच्चियां अपने हस्ताक्षर नहीं कर सकी थी।


सबका साक्षर होना जरूरी है इसी भावना के साथ एडवोकेट सुरेश जोशी ने सलाह दी कि वो चारों बच्चों को भीकमकोर स्थित किसी निजी शिक्षण संस्थान में प्रवेश दिलवाना चाहते है तो इसका संपूर्ण खर्चा समाज के भामाशाह वहन कर लेंगे। 


पीडि़त परिवार के मुखिया ओमप्रकाश ब्राह्मण को सरकारी अधिकारियों की बेरुखी पर मलाल है। लेकिन इस बात का संतोष भी है कि फलोदी के व्यवसायी कन्हैयालाल पंचारिया खीचन व बंशीलाल पंचारिया आगे आए और उसके तीनों बच्चों की शिक्षा का खर्च उठाया।


आज भामाशाहों की मदद से उसके बच्चे अशोक, गुड्डी व दिलीप भीकमकोर के श्रीराम शिक्षण संस्थान में पढ़ रहे है।


 इन बच्चों की विद्यालय की फीस, यूनिफॉर्म, शिक्षण सामग्री व वाहन आदि का खर्च ये भामाशाह ही वहन कर रहे है।


श्रीराम शिक्षण संस्थान भीकमकोर द्वारा संचालित विद्यालय में आर्थिक रूप से कमजोर परिवार भोमाराम के 2 बच्चों की शिक्षा का खर्चा अखिल भारतीय गुर्जरगौड़ युवक संघ इकाई जोधपुर द्वारा वहन किया जा रहा है। रायमलवाड़ा के एक निजी विद्यालय में आर्थिक रूप से कमजोर बच्चे की शिक्षा का खर्चा कमलेश पंचारिया बालेसर ने उठा रखा है।


मदद के लिए अभियान चलाएंगे


आगामी शैक्षणिक सत्र में ऐसे विद्यार्थियों का हर गांव वार सर्वे कर उन्हें संगठन द्वारा गोद लेने का अभियान चलाया जाएगा।

- एडवोकेट सुरेश जोशी, संस्थापक सदस्य , ब्राह्मण जनमंच जोधपुर। 

Rajasthan Patrika Live TV

1
Ad Block is Banned