खतरे की घंटी, बस चार दिन में सैकड़ों साल से बह रही नदी हो गई गायब

santosh trivedi

Publish: Apr, 20 2017 09:40:00 (IST)

World
खतरे की घंटी, बस चार दिन में सैकड़ों साल से बह रही नदी हो गई गायब

कनाडा से बहने वाली 150 मीटर चौड़ी स्लिम्स नदी सिर्फ चार दिन में सूख गई। ऐसा मौसम में बदलाव की वजह से ग्लैशियर पिघलने के चलते हुआ है।

कनाडा से बहने वाली 150 मीटर चौड़ी स्लिम्स नदी सिर्फ चार दिन में सूख गई। ऐसा मौसम में बदलाव की वजह से ग्लैशियर पिघलने के चलते हुआ है। दअरसल ग्लोबल वार्मिंग के चलते नदी का प्रवाह बदल गया है। स्लिम्स नदी की खोज बेरिंग सागर से दूर एक दूसरे वाटरशेड में हुई जो प्रशांत महासागर में जाकर मिलती थी, लेकिन अब ये नदी गायब हो गई है।  



भारतीय कामगारों को ट्रंप का एक और झटका



अब विपरीत दिशा में बह रही

ज्यादा गर्मी से ग्लेशियर पर बर्फ तेजी से पिघलने लगी और इससे पानी का बहाव काफी तेज हो गया। तेज बहाव ने लंबे समय से बह रही स्लिम्स नदी के रास्तों से दूर अपना अलग रास्ता बना लिया। अब नई नदी स्लिम्स के विपरीत दिशा में अलास्का की खाड़ी की ओर बहती है। इतिहास में पहली बार है कि बस चार दिन में सैकड़ों साल से बह रही नदी गायब हो गई हो। आमतौर पर नदी सूखने में हजारों साल लगते हैं। 



दलाई लामा की यात्रा से परेशान ड्रैगन की नई चाल



शोधकर्ताओं के दल ने ली जानकारी 

वाशिंगटन विश्वविद्यालय के कैनेडियन जियोमोर्फोलॉजिस्ट डैनियल शुगर के नेतृत्व में शोधकर्ता का एक दल स्लिम्स नदी की जांच करने  पहुंचा था, लेकिन उन्हें यह देखकर बड़ी हैरानी हुई कि वहां अब कोई नदी थी ही नहीं। नदी का पानी गायब हो गया था। इस बारे में पिछले सोमवार को नेचर जियोसाइंस पत्रिका में रिपोर्ट भी छपी थी, जिसमें बताया गया है कि एक तरफ ग्लोबल वार्मिंग की वजह से हुए इस बदलाव के कारण स्लिम्स नदी पतली धारा में बदल गई।  

Rajasthan Patrika Live TV

1
Ad Block is Banned