7 दिसंबर तक हड़ताल से वापस नहीं लौटने वालीं 1 हजार आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की सेवा समाप्त

कार्यक्रम अधिकारी ने नियोक्ता इकाइयों को आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं व सहायिकाओं की नई भर्ती करने के दिये निर्देश

By: rampravesh vishwakarma

Published: 11 Dec 2017, 09:42 PM IST

सूरजपुर. आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं के द्वारा 10 सूत्रीय मांगों को लेकर विगत 16 नवंबर से अनिश्चितकालीन आंदोलन जारी है। प्रशासन द्वारा उन्हें 7 दिसंबर तक काम पर लौट जाने कहा गया था। इसके बावजूद प्रशासनिक आदेश का असर आंदोलनकारियों पर नहीं दिखा।

इस पर महिला एवं बाल विकास विभाग के कार्यक्रम अधिकारी मुक्तानंद खुंटे ने कड़ा रुख अपनाते हुए जिले के करीब 1 हजार आंगनबाड़ी कार्यक्र्ताओं की सेवा समाप्त करने तथा नये सिरे से भर्ती प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश जारी किए हैं।


इस संबंध में महिला एवं बाल विकास विभाग के कार्यक्रम अधिकारी मुक्तानंद खुंटे ने बताया कि जिले के आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका संघ पंजीयन क्रमांक 36 के द्वारा विभिन्न मांगो को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल की जा रही है। जिला प्रशासन के द्वारा संघ के प्रतिनिधियों से 16 नवंबर से लेकर आज दिनांक तक कई दौर की चर्चा की गई एवं हड़ताल तत्काल समाप्त कर काम पर लौटने की समझाइश दी गई थी।

आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिकाओं को 7 दिसंबर तक हड़ताल समाप्त कर कार्य पर वापस लौटने की लिखित चेतावनी दी गई थी। उच्चतम न्यायालय के निर्देशों के अनुपालन की बाध्यता का हवाला देने के बावजूद संघ की कार्यकर्ताएं एवं सहायिकाएं हड़ताल से वापस अपने कार्य पर नहीं लौटी हैं, जिसके कारण उपरोक्त आदेश की अवहेलना हो रही है।

उन्होंने राज्य शासन के निर्देशानुसार आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं एवं मिनी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के विरूद्ध समस्त अनुशासनात्मक कार्यवाही के अधिकारों का प्रयोग करते हुए हड़तालरत कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं की सेवा समाप्ति हेतु मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत, मुख्य नगर पालिका अधिकारी नगरपालिका परिषद, नगर पंचायत को अधिकार प्रत्यायोजित किया है।

जनपद पंचायत, नगर पालिका, नगर पंचायत क्षेत्र की कार्यकर्ता, मिनी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिकाएं जो 18 नवंबर से हड़ताल पर गई है, उनकी सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त करने एवं इन आंगनबाड़ी केन्द्रों के लिए नवीन कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं की भर्ती हेतु प्रक्रिया प्रारंभ करने का निर्देश जारी किया गया है।

rampravesh vishwakarma Desk
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned