मृत बेटे को इंसाफ दिलाने विधवा बहू के साथ कोतवाली के सामने धरने पर बैठी मां, केंद्रीय राज्य मंत्री रेणुका भी पहुंचीं

Justice for son: सूरजपुर नगरपालिका के संविदा कर्मी की मौत का मामला, 1 माह पहले रेलवे पटरी पर मिली थी लाश, परिजन ने हत्या का लगाया है आरोप

By: rampravesh vishwakarma

Published: 07 Sep 2020, 11:00 PM IST

सूरजपुर. करीब 1 माह पूर्व रेलवे पटरी पर मृत मिले बेटे को इंसाफ (Justice for son) दिलाने के लिए जब एक मां अपनी विधवा बहू के साथ सडक़ पर उतर गई तो जिला व पुलिस प्रशासन के हाथ-पांव फूलने लगे।

अब महिला को मनाने की कोशिश की जा रही है। लेकिन जब वह फरियाद के लिए दफ्तरों के चक्कर काटती रही, तब किसी की संवेदना नही जाग रही थी और उसकी आवाज को अनसुना कर दिया जा रहा था।


सूरजपुर नगर के साहू गली की छत्रमनि साहू सोमवार को कोतवाली के सामने अपने छोटे बेटे को लेकर धरने पर बैठ गई है। उनके साथ उनकी बहू यानी मृतक की पत्नी और उसकी मां भी धरने में शामिल हो गईं हंै।

छत्रमनि पिछले एक महीने से यह मांग कर रही है कि यहां नगरपालिका में संविदा पर कार्य करने वाले उसके जवान बेटे 25 वर्षीय हेमन्त साहू की हत्या की गई है ओर कोतवाली पुलिस हत्यारों को पकड़े नही रही है। (Justice for son)

इसके लिए मृतक की पत्नी व उसकी मां ने एसपी, आईजी तक गुहार लगाने के बाद प्रशासन को यह सूचित किया था कि वह इंसाफ न मिलने पर कोतवाली के सामने धरने पर बैठेंगी। लेकिन तब न तो पुलिस ने और न ही प्रशासन ने संज्ञान लिया और सोमवार को जब चिलचिलाती धूप में छत्रमनि अपने छोटे बेटे के साथ कोतवाली के सामने धरने पर बैठ गई तब प्रशासन के हाथ पांव फूलने लगे।

आनन-फानन में महिला को मनाने के प्रयास में प्रशासनिक अमला जुट गया पर महिला फिलहाल जिद पर अड़ी हुई है और वह ठोस कार्रवाई का भरोसा चाहती है।


पहुंचीं केंद्रीय राज्य मंत्री
महिला के धरने पर बैठने की खबर मिलते ही केन्द्रीय राज्य मंत्री रेणुका सिंह मौके पर पहुंच गईं। उन्होंने महिला की बात सुनकर कहा कि न्याय मिलना चाहिए। उन्होंने महिला को बताया कि वे इस मामले में एसपी से बात की है उन्होंने जांच कराने की बात कही है। 

केंद्रीय राज्य मंत्री ने कहा कि अगर पुलिस जांच नही कर पाती है तो वे सीबीआई जांच की मांग करेंगी। वे पीडि़त महिला के साथ खड़ीं हैं, उन्हें न्याय मिलना चाहिए जो उनका हक है। उन्होंने मौत जैसे मामले में पुलिस के रवैये पर नाराजगी जताते हुए प्रदेश सरकार को भी कटघरे खड़े करते हुए सरकार से इंसाफ (Justice for son) की मांग की।


यह है मामला
31 जुलाई को हेमन्त साहू का शव रेलवे ट्रैक पर मिला था। उसके साथ उसके चार दोस्त रात में ग्राम गोपीपुर गए थे जहां पार्टी का दौर चला और सुबह पार्टी स्थल से करीब 1 किमी दूर हेमन्त का शव मिला।

परिजन पहले दिन से हत्या बताते हुए कार्रवाई की मांग कर रहे हंै। पुलिस का कोई अधिकृत बयान तो नही है पर वह आत्महत्या का मामला मान फाइल बंद कर चुकी है। शायद यही वजह है पुलिस खामोश है।

rampravesh vishwakarma Desk
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