ए जी हां सा म्हारी रुणक-झुणक पायल बाजे...

शहर में कई स्थलों पर महिला संगठनों की ओर से सामूहिक आयोजन

By: Dinesh Bhardwaj

Published: 04 Apr 2019, 08:08 PM IST

सूरत. चैत्र शुक्ल तृतीया को गौर माता ईसरजी के साथ विदा हो जाएगी और इससे पूर्व घर आई गौर को मनाने में शहर में बसे प्रवासी राजस्थानी समाज की महिलाएं कोई कसर गणगौर पर्व के दौरान इन दिनों नहीं छोड़ रही है। नित नए अंदाज में गणगौर के बिंदोळे, गुडला सवारी के आयोजन शहर में प्रवासी राजस्थानी बहुल इलाके परवत पाटिया, गोडादरा, टीकमनगर, पुणागांव, उधना, अलथाण, सिटीलाइट, भटार, घोड़दौडऱोड, वेसू समेत अन्य क्षेत्र में देखने को मिल रहे है। गणगौर पर्व के अलग-अलग ड्रेसकोड से विभिन्न आयोजनों को आकर्षक बनाने में महिलाएं-युवतियां कोई कसर नहीं छोड़ रही। सोमवार को गौर की विदाई से पूर्व गुरुवार को शहर में कई स्थानों पर सामूहिक आयोजन किए गए।
अग्रवाल विकास ट्रस्ट महिला शाखा ने गणगौर उत्सव का आयोजन गुरुवार दोपहर ढाई बजे सिटीलाइट में महाराजा अग्रसेन भवन के पंचवटी हॉल में किया गया। उत्सव में राधाकृष्ण संग होली, गोर बंदोरा, ड्रामा, नृत्य, घूमर समेत अन्य आयोजन किए गए। इस मौके पर अध्यक्ष रेणु गुप्ता, सुनीता कानोडिय़ा, सुनीता जालान, सरोज, सुषमा, सोनिया समेत अन्य पदाधिकारी व सदस्य महिलाएं सक्रिय रही।
सालासरनगर महिला मंडल की ओर से गणगौर उत्सव का आयोजन परवत पाटिया के सालासरनगर प्रांगण में किया गया। इस दौरान मंडल की सदस्य महिलाओं व युवतियों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति दी।
खंडेलवाल महिला शाखा की ओर से पीपलोद के एक रेस्टोरेंट में गणगौर महोत्सव गुरुवार को मनाया गया। इस दौरान विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए। इनके अलावा रामेश्वर ग्रीन, अलथाण राइजिन सोशल ग्रुप की ओर से भी रंगारंग आयोजन किया गया।

Dinesh Bhardwaj Reporting
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