SAVED LIFE : अगर पुलिस एक मिनट लेट होती तो...शायद वह जिंदा नहीं मिलती

अठवा पुलिस ने घर का दरवाजा तोड़ कर महिला को बचाया
- परिजनों को घर से बाहर निकाल कर फांसी लगा रही थी महिला
- तेरह वर्षीय पुत्री ने किया कंट्रोल में फोन, मिनटों पहुंची पुलिस

Athawa police rescued woman by breaking door of house
- The woman was hanging after sent family out of the house
- 13 year old daughter made phone call to control, police reached for minutes

By: Dinesh M Trivedi

Published: 03 Jan 2021, 10:56 AM IST

सूरत. नानपुरा इलाके में शुक्रवार रात परिजनों को घर से बाहर निकाल कर खुद को फांसी लगा रही एक महिला को अठवालाइन्स पुलिस की पीसीआर वैन के कर्मचारियों ने समय पर पहुंच कर बचा लिया। पुलिसकर्मी दरवाजा तोड़ कर अंदर घुसे और फंदे से लटक रही महिला पैर पकड़ कर उसे उतार लिया।

पुलिसकर्मियों ने उसे न्यू सिविल अस्पताल भेज दिया। जानकारी के अनुसार पीडि़त महिला का दस साल पूर्व पति से तलाक हो गया था। तब से वह अपनी तेरह वर्षीय पुत्री के साथ अपने माता पिता के घर आ गई थी। उसके बाद से वह उखड़ी हुई रहती थी। छोटी मोटी नौकरी भी करती थी। शुक्रवार को वह काम से घर लौटी तो उसने नींद दवा खा ली थी।

घर लौटने पर पिता ने घर खर्च के लिए रुपए मांगे। इस बात को लेकर पिता से विवाद हुआ तो उसने डिटॉल पी लिया। उसके बाद रात आठ बजे माता-पिता और अपनी पुत्री को घर से बाहर निकाल दिया। दरवाजा अंदर से बंद कर दिया। अनिष्ट की आशंका चलते उसकी पुत्री ने तुंरत पुलिस कंट्रोल रूम में फोन कर मदद मांगी। कंट्रोल रूप से सूचना मिलने पर पीसीआर-33 के इंचार्ज पुलिसकर्मी दिलीपसिंह व उनके साथी तुंरत मौके पर पहुंच गए।

उन्होंने एक दो बार आवाज दी और उसके बाद घर का दरवाजा तोड़ कर अंदर दाखिल हो गए। अंदर महिला फांसी के फंदे से झूल रही थी। उन्होंने तुंरत महिला को पैरों से पकड़ लिया। वह जिंदा थी उसे तुंरत 108 से न्यू सिविल अस्पताल भिजवाया। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी काउन्सिलिंग शुरू की।

पहले भी कई बार किया आत्महत्या का प्रयास

पुलिस सूत्रों के मुताबिक महिला पहले भी कई बार दवाएं आदि खाकर आत्महत्या का कोशिश कर चुकी है। लॉकडाउन के दौरान घर खर्च के रूपयों को लेकर पिता के साथ उसका विवाद हो गया था। इस पर वह पिता के खिलाफ शिकायत लेकर अठवालाइन्स थाने पहुंची थी।

उस दौरान उसने थाने में भी कोई जहरीला पदार्थ खा लिया था। पुलिस ने उसे अस्पताल भिजवाया था और तबीयत सुधरने पर उसे व उसके पिता को समझा कर मामला शांत किया था।

Show More
Dinesh M Trivedi Reporting
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned