सादगी से मनाएंगे तापी मैया की जयंती

आषाढ़ शुक्ल सप्तमी शनिवार को तापी किनारे होंगे प्रतीक कार्यक्रम

By: Dinesh Bhardwaj

Updated: 26 Jun 2020, 09:45 PM IST

सूरत. सूर्यनगरी सूरत की जीवनदायिनी लोकमाता तापी मैया का जन्मोत्सव आषाढ़ शुक्ल सप्तमी के मौके पर शनिवार को कोविड-19 की वजह से सादगी के साथ मनाया जाएगा। इस अवसर पर नदी के विभिन्न घाट पर तापी मैया के मंदिरों सहित अन्य देवालयों में प्रतीक रूप में धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन होगा।
तापी जयंती के मौके पर सुबह से ही श्रद्धालु नदी तट पर पहुंचकर प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष उगते सूर्य को नदी जल में खड़े रहकर अघ्र्य अर्पित तो करेंगे, लेकिन इस दौरान सामाजिक दूरी समेत अन्य कई नियमों का भी उन्हें पालन करना पड़ेगा। तापी जयंती के अवसर पर प्रत्येक वर्ष तापी नदी के नानपुरा स्थित नावड़ी घाट, चौक बाजार स्थित राजा घाट व डक्का घाट, वराछा में सिद्धकुटीर घाट, जहांगीरपुरा में कुरुक्षेत्र घाट आदि पर कई कार्यक्रम आयोजित होते थे और इनमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु भाग लेते थे, लेकिन इस बार शनिवार को कोविड-19 की गाइडलाइन के अनुरूप यह सब नहीं हो पाएंगे। तापी जयंती के अवसर पर शहर में वराछा के वैदराज घाट पर स्थित तापी मैया मंदिर समेत अन्य मंदिरों में शुक्रवार को साज-सजावट भी की गई है।


घाट पर बांटी राशन सामग्री


लोकमाता तापी मैया की जयंती की पूर्व संध्या पर शुक्रवार को सेवा फाउंडेशन ने नदी किनारे बने श्मशान घाट पर सेवारत कर्मचारियों को राशन सामग्री का वितरण किया है। संस्था के सेवाभावी सदस्यों ने जहांगीरपुरा में तापी नदी किनारे बने श्रीकुरुक्षेत्र श्मशान घाट, उमरा में श्रीरामनाथ घेला श्मशान भूमि पर शवदाह समेत अन्य सेवा कार्यों में सक्रिय रहने वाले कर्मचारियों को एक माह की राशन सामग्री वितरित की है। इस दौरान संस्था के अशोक गोयल, राजीव ओमर, राजेंद्र शर्मा समेत अन्य सदस्य मौजूद थे।

Dinesh Bhardwaj Reporting
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