PATRIKA NEWS IMPACT: उदयपुर को मिले 12 खेल प्रशिक्षक, पत्रिका ने उठाया था मुद्दा, पांच महीने से रिक्त थे पद

उदयपुर. महाराणा प्रताप खेलगांव में अब कबड्डी, कुश्ती, एथलेटिक्स आदि खेलों का भी खिलाड़ी नियमित अभ्यास कर सकेंगे।

By: Dhirendra Kumar Joshi

Published: 11 Sep 2017, 05:09 PM IST

उदयपुर. महाराणा प्रताप खेलगांव में अब कबड्डी, कुश्ती, एथलेटिक्स आदि खेलों का भी खिलाड़ी नियमित अभ्यास कर सकेंगे। गौरतलब है कि मार्च 2017 में अनुबंध पूरा होने के बाद खेलगांव के लिए नियुक्त सभी अस्थायी प्रशिक्षक हटा दिए गए थे। इससे तैराकी और आर्चरी को छोडकऱ सभी खेलों का अभ्यास बंद हो गया था। प्रशिक्षक हटाने से खिलाडिय़ों को हो रही असुविधा को लेकर पत्रिका ने सिलसिलेवार खबरें प्रकाशित कीं। इस पर राजस्थान राज्य क्रीड़ा परिषद ने उदयपुर के लिए विभिन्न खेलों के लिए 12 प्रशिक्षक नियुक्त किए हैं।


नियुक्त किए गए 12 प्रशिक्षकों में 5 एनआईएस और 7 राष्ट्र स्तर के पदक विजेता हैं। खेलगांव को इन प्रशिक्षकों की महती आवश्यकता थी। वालीबॉल, टेनिस, कुश्ती, हैंडबॉल, जूडो- बॉक्सिंग इंडोर हॉल आदि 11 खेल सुविधाएं विकतिस की जा चुकी हैं। प्रशिक्षकों की कमी के चलते करोड़ों से निर्मित इन खेल सुविधाओं का उपयोग नहीं हो पा रहा था। खेलगांव तैराकी और आर्चरी रेंज तक ही सिमट कर रह गया था।


यह हुए हैं नियुक्त
सत्यनारायण शर्मा और प्रवीण सिंह एथेलेटिक्स, सरफराज नवाज कुश्ती, कपिल जैन कबड्डी, ऋषिका सारस्वत और संजोली पालीवाल बास्केटबॉल, जोगेंद्र सिंह हैंडबॉल, भगवत सिंह भारोत्तोलन, रोशन लाल डांगी वालीबॉल, गगन व्यास तैराकी, गजेंद्र सिंह बॉक्सिंग, भृगुराज सिंह तीरंदाजी, शकील अहमद फुटबॉल एवं बृजकिशोर चौधरी क्रिकेट के प्रशिक्षक नियुक्त किए गए हैं। इनके अतिरिक्त 3 प्रशिक्षक प्रतापगढ़ के लिए नियुक्त हुए हैं।

 


इंडोर स्टेडियम का निर्माण अब तक नहीं हुआ शुरू

महाराणा प्रताप खेलगांव में प्रदेश के सबसे बड़े मल्टीपरपज इंडोर हॉल स्टेडियम का निर्माण प्रस्तावित है जिसका शिलान्यास एक वर्ष पूर्व हो चुका है मगर अब तक निर्माण शुरू नहीं हो पाया हैं। पीपीपी मोड पर बनने वाले इस इंडोर स्टेडियम के कार्यादेश 17 अगस्त को जारी किए जा चुके हैं। खिलाडिय़ों को अंतरराष्ट्रीय स्तर के इंडोर निर्माण का लंबे समय से इंतजार है। करीब 28 करोड़ रुपए की लागत से प्रस्तावित इस स्टेडियम का शिलान्यास केंद्रीय गृह मंत्रराजनाथ सिंह और मुख्यमंत्री ने किया था। इसके निर्माण के बाद उदयपुर में अंतरराष्ट्रीय स्तर के खेल आयोजन हो सकेंगे। साथ ही खिलाड़ी बारह महीने अभ्यास कर सकेंगे।

 

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तय हो समय सीमा
प्रधानमंत्री की सभा से पूर्व खेलगांव में एस्ट्रोटर्फ हॉकी मैदान के लिए भी 5.50 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए थे। खेलप्रेमी चाहते हैं कि सभी कार्यों की समय सीमा तय होनी चाहिए ताकि सभी खेलों के नियमित अभ्यास और आयोजन जल्द से जल्द शुरू हो सकें।


यह तीन कार्य सबसे जरूरी
खेलप्रेमियों के अनुसार खेलगांव विकास के लिए वाहन सुविधा, अधूरे निर्माण कार्यों को पूरा कराना और सुरक्षा के कारणों को ध्यान में रखते हुए न्यू आरटीओ कार्यालय के पास स्थित खेलगांव चौराहे पर सर्किल का निर्माण करना चाहिए, ताकि हाइवे खेलगांव के विकास में बाधक नहीं बनें।


ट्रेक और रेंज की नहीं ली सुध
गत दिनों प्रधानमंत्री की सभा के लिए खेलगांव में विशाल डोम का निर्माण किया गया जिससे एथलेटिक्स ट्रेक और आर्चरी रेंज खराब हो गई है। इससे खिलाड़ी अभ्यास नहीं कर पा रहे हैं। जिम्मेदारों ने अभी तक इन मैदानों को सही कराने की सुध नहीं ली है।


मल्टीपरपज इंडोर हॉल के कार्यादेश जारी हो गए हैं। खेलगांव में लगातार खेल सुविधा संबंधी कार्य हो रहे हैं। सर्किल निर्माण, पार्किंग आदि कार्यों के प्रस्ताव यूआईटी को भेज रखे हैं।
अमृत कल्याणी, महाराणा प्रताप खेलगांव अधिकारी

 

राजस्थान राज्य क्रीडा परिषद ने उदयपुर के लिए 12 प्रशिक्षक नियुक्त किए हैं। प्रशिक्षकों की नियुक्ति के नियमित खेल अभ्यास होगा, खिलाड़ी विभिन्न प्रतियोगिताओं में पहले की तुलना में श्रेष्ठ प्रदर्शन कर सकेंगे।

ललित सिंह झाला, जिला खेल अधिकारी उदयपुर

Dhirendra Kumar Joshi Reporting
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