क्यो छात्रों ने की ताला तोडऩे की कोशिश

विक्रम विश्वविद्यालय में फेलोशिप भुगतान में रुपए मांगने का मामला गरमा गया हैं। अभाविप ने कार्रवाई की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। छात्रों ने विवि के अंदर जाने के लिए चैनल का ताला तोडऩे की कोशिश की।

By: Shailesh Vyas

Published: 18 Nov 2019, 09:53 PM IST

उज्जैन. शोधार्थियों से फेलोशिप भुगतान में रुपए मांगने का मामला गरमा गया है। दोषियों पर कार्रवाई की मांग को लेकर सोमवार को विक्रम विश्वविद्यालय में छात्रों ने जमकर हंगामा किया। इस दौरान विवि मुख्य भवन के चैनल के ताले को पत्थर से तोडऩे का प्रयास भी किया गया। ज्ञापन लेने के बाद कुलपति ने जांच कर दोषियों पर नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिया।
विक्रम विश्वविद्यालय में शोधार्थियों से फैलोशिप भुगतान के एवज में रुपए मांगने का मामला सामने आने के बाद विवि प्रशासन द्वारा मूल शिकायत आवेदन के साथ कार्रवाई के लिए पुलिस को पत्र लिखा है। इस मामले में विवि की ओर से कार्रवाई की मांग को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने प्रदर्शन कर हंगामा किया। प्रदर्शन के दौरान विवि में कार्यपरिषद की बैठक चल रही थी। एेसे में विवि के मुख्य भवन के चैनल पर ताला लगा हुआ था। छात्रों ने भीतर जाने के लिए चैनल पर लगे ताले को तोडऩे का प्रयास किया। हंगामे की सूचना पर माधवनगर का पुलिस बल भी पहुंच गया। इस दौरान छात्रों की पुलिस जवानों से भी बहस हुई। कुछ देर बाद कुलपति बीके शर्मा कार्यपरिषद की बैठक छोड़कर छात्रों से चर्चा करने आए।
निलंबन की मांग करने लगे
ज्ञापन लेने के पहले छात्रों से चर्चा करते हुए कुलपति शर्मा ने बताया कि शिकायत मिलने के बाद विवि प्रशासन द्वारा कार्रवाई के लिए पुलिस को पत्र लिखा जा चुका है। छात्रों का कहना था कि विवि प्रशासन अपने स्तर पर जांच कर कार्रवाई करें। इस मामले में विवि के जो भी अधिकारी-कर्मचारी फेलोशिप के कार्य में संलग्न हैं, उनको निलंबित किया जाए।
मामले में नोटिस जारी
विवि कुलपति शर्मा ने बताया कि मामले में पुलिस को पत्र लिखने के साथ विवि द्वारा प्रकरण की जांच की जाएगी। शिकायत आवेदन में जिनके नाम हैं, उन्हें विवि द्वारा नोटिस जारी किया जा रहा है। प्रकरण में जो भी दोषी होगा, उन पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

Show More
Shailesh Vyas Desk
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned