scriptup election 2022 song war in up assembly election 2022 | UP Election 2022: सत्ता पर काबिज होने के लिए राजनीतिक दलों ने छेड़ रखा है सुरो का संग्राम | Patrika News

UP Election 2022: सत्ता पर काबिज होने के लिए राजनीतिक दलों ने छेड़ रखा है सुरो का संग्राम

UP Election 2022: वरिष्ठ राजनीतिक विष्लेषक पीएन द्विवेदी कहते हैं कि चुनाव सियासी दलों का महोत्सव होता है। जनता को लुभाने के लिए राजनीतिक दल और उनके प्रत्याशी तरह-तरह के गीत और नारे लाकर जनता को लुभाने की कोशिश करते हैं।

नोएडा

Published: January 12, 2022 05:24:31 pm

UP Election 2022: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तारीखों के एलान के बाद सभी दलों का सियासी ताप बढ़ रहा है। सत्ता पर काबिज होने के लिए राजनीतिक दलों ने सुर संग्राम छेड़ रखा है। कोरोना की बंदिशों ने फिलाहाल राजनीतिक दलों के रैली, यात्राओं व अन्य कार्यक्रमों पाबंदी लगा रखी है। ऐसे में चुनावी गीतों के सहारे सभी दल विरोधियों को निशाने पर ले रहे हैं। सभी राजनीतिक दलों के लिए गायकों ने खास गीत तैयार किए हैं। सत्तारूढ़ दल भारतीय जनता पार्टी के लिए भोजपुरी सुपर स्टार दिनेश लाल निरहुआ ने कई गीतों के माध्यम से विपक्षियों को घेरा है। 'फिर से आएंगे योगी ही' जबरदस्त तरीके से सोशल मीडिया में छाया हुआ है। 22 में योगीजी 27 में भी योगीजी नामक गीत ने खूब तहलका मचाया।
all_partys.jpg
इन गीतों को जनविश्वास यात्रा और अन्य कई जनसभाओं में भाजपा ने जबरदस्त तरीके से पेश किया है। इसके अलावा शादी विवाह के दौरान भी यह गीत खूब चर्चित रहा है। इसके अलावा भाजपा के लिए कन्हैया मित्तल का गाना 'जो राम को लाएं हैं हम उनको लाएंगे' तो भाजपा हर फोरम में पेश कर रही है। यहां तक ज्यादातर कार्यकतार्ओं ने इसे फोन की रिंग टोन भी बना लिया है। इसके गीत के माध्यम से भाजपा के एजेंडे में शामिल अयोध्या, काषी में कार्यों का बखान है तो वहीं मथुरा की उम्मींद लगाई गयी है।
यह भी पढ़ें

UP Election 2022: मुलायम सिंह यादव के समधी हरिओम यादव और कांग्रेस MLA नरेश सैनी ने ज्वाइन की भाजपा



उधर, समाजवादी पार्टी भी गानों के जारिए अपने पक्ष में माहौल बना रहे हैं। बंगाल की तर्ज पर 'खदेड़ा होइबे' नामक गीतों के जारिए भाजपा की कमियों को बताने का प्रयास किया जा रहा है। समाजवादी पार्टी के 'खदेड़ा होइबे' गाने में विजुअल्स का भी ठीक इस्तेमाल किया गया है। इसमें बड़ी-बड़ी जनसभाओं के सीन दर्शाए गए ताकि उन्हें मिलने वाले जनसमर्थन को दिखाया जा सके। गानें में कहा गया है कि जोर जबरदस्ती और तानाशाही नहीं चलेगी। इसके साथ ही महंगाई की मार का भी जिक्र किया गया है।
इसके अलावा 'जनता पुकारती अखिलेश आइए' जैसे गीतों के बोल में सपा ने अपनी सरकार की उपलब्धियों को दर्शाया है। मेट्रो, आगरा एक्सप्रेस वे, गोमती रिवर फ्रन्ट शामे अवध का जिक्र किया गया है। इस गीत को अपनी जनसभाओं और समाजवादी यात्रा के दौरान प्रस्तुत किया गया है। आ जाओ अखिलेश तुम्हे उत्तर प्रदेश बुलाती है'। 'अखिलेश आ रहे हैं' में कन्या विद्या धन, लैपटाप जैसी योजनाओं का बखान किया गया है। इसमें इनकी तुलना मुरलीधर से की है। इसके अलावा भी अन्य कई भोजपुरी गीत हैं जो कार्यकतार्ओं के गाड़ियों पर अक्सर हुई सभाओं में सुनने को मिल रहे हैं।
कांग्रेस भी सुरो जंग के मैदान में उतरी हुई हैं। 'लड़की हूं लड़ सकती हूं।' गीत खूब छाया हुआ है। इसमें महिलाओं को आगे बढ़ते हुए दिखाया जा रहा है। बहन प्रियंका करें अह्वाहन मिलकर आगे बढ़ सकती हूं। इसके जरिए उन्होंने अपने आन्दोलनों का बखान किया है। इसके अलावा भी अन्य कई गीत सोशल मीडिया पर चल रहे हैं।


बसपा भी सुरो के संग्राम में कूद पड़ी है। भीम म्यूजिक की ओर से बनाया गया 'अबकी बार बहन जी, आ रही फिर से बहन जी' गीतों पर बसपाई खूब झूम रहे हैं।

यह भी पढ़ें

UP Election 2022: बसपा नेताओं के बाद अब कांग्रेस नेताओं पर आचार संहिता उल्लंघन का केस दर्ज



वरिष्ठ राजनीतिक विष्लेषक पीएन द्विवेदी कहते हैं कि चुनाव सियासी दलों का महोत्सव होता है। जनता को लुभाने के लिए राजनीतिक दल और उनके प्रत्याशी तरह-तरह के गीत और नारे लाकर जनता को लुभाने की कोशिश करते हैं। यह प्रक्रिया लोकतंत्रात्मक व्यवस्था में शुरू से जारी है। पहले भी राजनीतिक दल इस तरह के गीत और नारे मंचों और लाउडस्पीकर के माध्यम से किया करते थे। चूंकि कोरोना काल में इस प्रकार के कार्यक्रम पर पबांदी लगी है, इस कारण विभिन्न राजनीतिक दल सोशल मीडिया के माध्यम से गीत और संगीत का सहारा ले रहे है।

सबसे लोकप्रिय

शानदार खबरें

Newsletters

epatrikaGet the daily edition

Follow Us

epatrikaepatrikaepatrikaepatrikaepatrika

Download Partika Apps

epatrikaepatrika

Trending Stories

School Holidays in February 2022: जनवरी में खुले नहीं और फरवरी में इतने दिन की है छुट्टी, जानिए कितनी छुट्टियां हैं पूरे सालCash Limit in Bank: बैंक में ज्यादा पैसा रखें या नहीं, जानिए क्या हो सकती है दिक्कत“बेड पर भी ज्यादा टाइम लगाते हैं” दीपिका पादुकोण ने खोला रणवीर सिंह का बेडरूम सीक्रेटइन 4 राशियों की लड़कियां जिस घर में करती हैं शादी वहां धन-धान्य की नहीं रहती कमीइस एक्ट्रेस को किस करने पर घबरा जाते थे इमरान हाशमी, सीन के बात पूछते थे ये सवालजैक कैलिस ने चुनी इतिहास की सर्वश्रेष्ठ ऑलटाइम XI, 3 भारतीय खिलाड़ियों को दी जगहदुल्हन के लिबाज के साथ इलियाना डिक्रूज ने पहनी ऐसी चीज, जिसे देख सब हो गए हैरानकरोड़पति बनना है तो यहां करे रोजाना 10 रुपये का निवेश

बड़ी खबरें

झारखंड में नक्सलियों ने ब्लास्ट कर उड़ाया रेलवे ट्रैक, रेलवे ने राजधानी एक्सप्रेस सहित कई ट्रेनों का रूट बदलायूपी चुनाव से रीवा का बम टाइमर कनेक्शननागालैंड में AFSPA कानून को खत्म करने पर विचार कर रही केंद्र सरकारRepublic Day 2022 LIVE updates: राजपथ पर दिखी संस्कृति और नारी शक्ति की झलक, 7 राफेल, 17 जगुआर और मिग-29 ने दिखाया जलवाजिनके नाम से ही कांपते थे आतंकी, जानिए कौन थे शहीद बाबू राम जिन्हें मिला अशोक चक्रCovid-19 Update: दिल्ली में बीते 24 घंटे में आए कोरोना के 7,498 नए मामले, संक्रमण दर पहुंचा 10.59%डायबिटीज के पेशेंट्स के लिए फायदेमंद हैं ये सब्जियां, रोजाना करें इनका सेवनक्या दुर्घटना होने पर Self-driving Car जाएगी जेल या ड्राइवर को किया जाएगा Blame? कौन होगा जिम्मेदार
Copyright © 2021 Patrika Group. All Rights Reserved.