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इन सीटों पर बीजेपी को मिली जीत तो मजबूत होगी बसपा, सपा की बढ़ेगी परेशानी

अखिलेश व मायावती की पार्टी के लिए बेहद महत्वपूर्ण है फूलपुर व गोरखपुर का उपचुनाव, १४ मार्च को पता चलेगा कि किस पार्टी को मिलेगी जीत
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वाराणसी

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Devesh Singh

•

Updated: 13 Mar 2018, 5:04 PM IST

Akhilesh Yadav and Mayawati

Akhilesh Yadav and Mayawati

वाराणसी. बीजेपी को इन सीटों पर जीत मिलती है तो बसपा का सबसे अधिक फायदा हो सकता है। यूपी में हो रहे उपचुनाव का परिणाम सपा व बसपा के गठबंधन के लिए बहुत महत्वपूर्ण साबित होने वाला है। १४ मार्च को गोरखपुर व फूलपुर उपचुनाव का परिणाम आने वाला है और उसके बाद लोकसभा चुनाव २०१९ की स्थिति साफ हो जायेगी।
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गोरखपुर व फूलपुर उपचुनाव में सपा प्रत्याशियों को बसपा ने समर्थन दिया है। बसपा के नेताओं ने बकायदे अपने कार्यकर्ताओं को सपा प्रत्याशी को जिताने को कहा था। दोनों ही जगह पर हुए उपचुनाव में वोटों का प्रतिशत पहले से कम है जिसके चलते सभी दल अपनी जीत का दावा कर रहे हैं। बीजेपी का कहना है कि यदि वोटरों को सत्ता पक्ष से नाराजगी होती तो वोटों का प्रतिशत बढ़ जाता है। आम तौर पर जब सत्ता विरोधी लहर चलती है तो लोगों की नाराजगी से वोटिंग परसेंट बढ़ जाता है। सपा व बसपा गठबंधन का दावा है कि बीजेपी के वोटर नहीं निकले हैं इसलिए सीट पर जीत तय है। कांग्रेस भी ऐसा दावा कर रही है।
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जानिए कैसे होगा बीजेपी की जीत पर बसपा का फायदा
गोरखपुर व फूलपुर उपचुनाव में बीजेपी को जीत मिलती है तो बीएसपी को फायदा हो सकता है। वैसे भी बीएसपी उपचुनाव में अपने प्रत्याशी नहीं उतारती है और इस बार ऐसा ही करते हुए सपा को समर्थन दिया है। सपा व बसपा की हार का मतलब है कि दोनों पार्टी का वोट एक जगह नहीं पड़ा है। दोनों पार्टी के कैडर वोटर किस दल को वोट दिये हैं यह पता नहीं चल पायेगा। हार के बाद प्रत्याशियों के चयन पर ही सवाल उठने लगेगे। अखिलेश यादव ? ने इन सीटों पर चुनाव प्रचार व रोड शो तक किया था इसके बाद भी हार मिलने से अखिलेश यादव कमजोर होंगे। मायावती ने सिर्फ समर्थन देने का ऐलान किया था लेकिन सपा प्रत्याशियों के पक्ष में चुनाव प्रचार नहीं किया था इसलिए मायावती पर अधिक सवाल नहीं उठेंगे। लोकसभा चुनाव 2019९ में जब सपा व बसपा का गठबंधन होगा तो मायावती इन्हीं चुनावों के परिणाम का हवाला देते हुए अपने दल के लिए अधिक सीट मांगेंगी। उसे समय अखिलेश यादव के लिए बसपा सुप्रीमो मायावती की बात को नजरअंदाज करना आसान नहीं होगा। ऐसे में बसपा की ताकत बढ़ जायेगी और सप को नुकसान उठाना पड़ेगा।
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बीजेपी हारी तो इन नेताओं का घट सकता कद
सीएम योगी आदित्यनाथ की सीट गोरखपुर व डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्या की सीट फूलपुर का चुनाव परिणाम भी दोनों नेताओं के लिए बेहद खास है। यदि बीजेपी को जीत मिलती है तो दोनों नेताओं को फायदा होगा। दोनो नेताओं में जिसकी सीट पर हार मिलती है तो पार्टी में उसका कद कम हो जायेगा। अब देखना है कि 14 मार्च किस दल के लिए खुशियों की सौगात लेकर आता है।
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