भूलकर भी न खाएं लाल रंग का मशरूम, बॉडी के सारे अंग हो सकते हैं फेल

  • Most Poisonous Mushroom : वैज्ञानिकों ने मशरूम की सबसे जहरीली प्रजाति खोजी है, इसका वैज्ञानिक नाम पोडोस्ट्रोमा कॉर्नू-डामा है
  • आमतौर पर ये मशरूम जापान और कोरिया में पाया जाता है

By: Soma Roy

Published: 11 Jul 2020, 04:35 PM IST

नई दिल्ली। वैसे तो कई लोगों को मशरूम (Mushroom) खाना बहुत पसंद होता है। खास मौकों पर भी मशरूम के कई तरह के पकवान बनते हैं, लेकिन अगर आप मशरूम खाने के शौकीन है तो आप इसकी वैरायटीज के बारे में जरूर जान लें। क्योंकि कुछ मशरूम (Poisonous Mushroom) बेहद जहरीले होते हैं। इन्हें खाने से बॉडी के सारे अंग फेल तक हो सकते हैं। वैज्ञानिकों ने ऐसे ही एक जहरीले मशरूम की प्रजाति को खोजा है। जिसका नाम पॉइजन फायर कोरल है। ये एक जहरीले कवक की तरह होते हैं।

लाल रंग (Red Color) के दिखने वाले ये मशरूम काफी आकर्षक लगते हैं, लेकिन इन्हें खाना खतरे से खाली नहीं है। विशेषज्ञों की मानें तो इसे छूने मात्र से ही शरीर में सूजन आ सकती है। जेम्स कुक विश्वविद्यालय (जेसीयू) के शोधकर्ताओं के मुताबिक, पूरी दुनिया में ये अकेला ऐसा कवक है, जिसका जहर त्वचा के जरिए भी पहुंच सकता है। इसका वैज्ञानिक नाम पोडोस्ट्रोमा कॉर्नू-डामा है। वैसे तो ये मशरूम जापान और कोरिया में पाया जाता है, लेकिन बाद में ये ऑस्ट्रेलिया के क्वींसलैंड में भी पाया गया।

बताया जाता है कि दक्षिण कोरिया कई लोगों ने इसे जड़ी-बूटी समझकर इसका इस्तेमाल कर लिया। इसके बाद कई लोगों की मौत हो गई थी। जांच करने पर पता चला कि उनके ऑर्गन फेल गए थे यानी शरीर के अंगों ने काम करना बंद कर दिया था। इस कवक के सेवन से इंसान का ब्रेन डैमेज भी हो सकता है। ये जहरीला मशरूम सबसे पहले साल 1895 में चीन में खोजा गया था। एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, ऑस्ट्रेलिया में मशरूम को ज्यादा पसंद नहीं किया जाता इसके चलते पहले इस मशरूम को कोई नहीं जानता था।

Show More
Soma Roy Content Writing
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned