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अलवर के ESIC मेडिकल कॉलेज में नर्सिंग भर्ती में बड़ा घोटाला, नर्सिंगकर्मियों की भर्ती पर ले रहे थे दो लाख रूपए, रंगे हाथों गिरफ्तार

अलवर के ईएसआइसी मेडिकल कॉलेज में संविदा पर नर्सिंगकर्मियों की भर्ती मामले में एसीबी ने कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
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अलवर

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Lubhavan Joshi

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Updated: 18 Jun 2021, 7:39 AM IST

Alwar ESIC Medical College Nursing Recruitment Scam

अलवर के ESIC मेडिकल कॉलेज में नर्सिंग भर्ती में बड़ा घोटाला, नर्सिंगकर्मियों की भर्ती पर ले रहे थे दो लाख रूपए, रंगे हाथों गिरफ्तार

अलवर. भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने अलवर के ईएसआइ मेडिकल कॉलेज में भर्ती घोटाले का भंडाफोड़ किया है। एसीबी की जयपुर टीम ने अलवर, अजमेर और जोधपुर में गुरुवार रात एक साथ कार्रवाई की। संविदा पर भर्ती किए जा रहे नर्सिंगकर्मी के लिए दो लाख रुपए तथा नर्सिंग सहायक के लिए 90 हजार रुपए तक लिए जा रहे थे। अलवर से अजमेर जा रहे प्लेसमेंट कम्पनी के मालिक को पन्द्रह लाख रुपए के साथ पकड़ा है। मेडिकल कॉलेज के अस्पताल में भी कम्पनी प्रतिनिधि के पास साढ़े चार लाख रुपए मिले। प्लेसमेंट एजेंसी का कारनामा देख सांसद का पीए भी उनसे पांच लाख रुपए की डिमांड कर रहा था।

एसीबी डीजी बीएल सोनी ने बताया कि जोधपुर निवासी एक महिला नर्सिंगकर्मी ने शिकायत की थी कि ईएसआइ हॉस्पिटल में प्लेसमेंट कंपनी भर्ती करने की एवज में 2 लाख रुपए मांग रही है। कंपनी प्रतिनिधि घर पर ही रुपए लेने आ गया। इनकार कर दिया तो उसे भर्ती के लिए कॉल भी नहीं किया। तभी से एएसपी बजरंग सिंह शेखावत के नेतृत्व में एसीबी टीम भर्ती प्रक्रिया पर नजर रख रही थी।

सांसद का पीए मांग रहा था 5 लाख, कंपनी 4 लाख देने को तैयार

एसीबी सूत्रों के मुताबिक अलवर सांसद के निजी सहायक प्रदीप सिंह ने भर्ती के लिए कुछ अभ्यर्थी भेजे थे। जब उसे अभ्यर्थियों से भर्ती से पहले रुपए मांगने की जानकारी लगी तो उसने कंपनी प्रतिनिधियों से 5 लाख रुपए की मांग की। कंपनी प्रतिनिधि 4 लाख रुपए ही देने को तैयार थे। एसीबी सांसद के पीए की भूमिका की पड़ताल कर रही है।

टीम अलवर पहुंची, कंपनी मालिक अजमेर

एसीबी की टीम ने अलवर में अस्पताल में दबिश दी, तब पता चला कि भर्ती के नाम पर वसूली गई रकम लेकर कंपनी मालिक मिनेश अजमेर के लिए रवाना हो गया। तब एसीबी ने अजमेर टीम को सूचना देकर अजमेर टोल के पास ही मिनेश को पकड़ा। मिनेश के पास 15 लाख रुपए मिले। कंपनी के दो साझेदार है।

गुजरात की कंपनी को है ठेका

मेडिकल कॉलेज में भर्ती के लिए केन्द्र सरकार ने गुजरात की एमजे सोलंकी कंपनी को टेंडर दिया है। कम्पनी को हर कर्मचारी के वेतन में से 2 प्रतिशत हिस्सा मिलना है। कंपनी ने अभ्यर्थियों से ही वसूली शुरू कर दी। कंपनी ने कई जिलों में अभ्यर्थियों से वसूली के लिए दलाल छोड़ रखे थे।

अलवर से चार जनों को पकड़ा

कार्रवाई में शामिल अलवर एसीबी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विजय सिंह ने बताया कि ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज में भर्ती घोटाले के मामले में एसीबी की टीम ने कार्रवाई करते हुए देर रात अलवर के ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज से चार जनों को पकड़ा। साथ ही अजमेर और जोधपुर से एक-एक जाने को पकड़ा गया है। देर रात तक टीम की कार्रवाई जारी रही। अलवर में कार्रवाई करने वाली टीम में जयपुर मुख्यालय से एएसपी बजरंग सिंह, अलवर से एएसपी विजय सिंह और इंस्पेक्टर प्रेमचंद मौजूद रहे।