चिकित्सकों के काम पर लौटने से मरीजों को मिली राहत

चिकित्सकों के काम पर लौटने से मरीजों को मिली राहत

Rajeev Goyal | Publish: Dec, 29 2017 04:29:29 PM (IST) Alwar, Rajasthan, India

राज्य में 12 दिनों के बाद चिकित्सकों के काम पर लौटने से मरीजों को इलाज मिलने से राहत मिली है।

जले के सरकारी अस्पतालों में गुरुवार से चिकित्सक काम पर लौट आए। चिकित्सकों के आने से पिछले करीब 12 दिनों से बिगड़े चिकित्सालयों के हालात सुधर गए। मरीजों को भी राहत मिली। हालांकि गुरुवार को सरकारी अस्पतालों में अपेक्षाकृत कम मरीज पहुंचे, लेकिन चिकित्सक पूरे समय अपनी ड्यूटी पर जमे रहे। चिकित्सकों के आने से गंभीर रोगियों को भी राहत मिली। दरअसल, चिकित्सकों की हड़ताल के चलते अस्पतालों में गंभीर मरीजों की भर्ती प्रक्रिया लगभग बंद पड़ी थी। मजबूरन गंभीर मरीजों को निजी चिकित्सालयों में महंगा उपचार कराना पड़ रहा था।


अस्पतालों के इनडोर खाली पड़े थे। इनमें जो मरीज भर्ती थे, वे भी चिकित्सकों की हड़ताल के चलते डिस्चार्ज करा चले गए। बुधवार रात डॉक्टरों की हड़ताल समाप्त होने के बाद गुरुवार सुबह सरकारी अस्पतालों में डॉक्टरों का ड्यूटी पर पहुंचना शुरू हो गया।

प्रमुख चिकित्सा अधिकारी के अनुसार शहर के तीनों बड़े सरकारी अस्पतालों, डिस्पेंसरियों में तैनात 95 चिकित्सकों में से गुरुवार को 81 चिकित्सक ड्यूटी पर आए। वहीं, 7 मेडिकल, 5 पीएल, 1-1 सीएल व स्वेच्छा से छुट्टी पर रहे। गौरतलब है कि सरकारी अस्पतालों के चिकित्सक 16 दिसम्बर से हड़ताल पर चल रहे थे। चिकित्सकों ने अपनी मांगों को लेकर 18 दिसम्बर से हड़ताल पर जाने का आह्वान किया था, लेकिन उससे पहले ही सरकार ने रेस्मा लगा चिकित्सकों की गिरफ्तारी शुरू कर दी।

खराब हो गए थे हालात


चिकित्सकों के हड़ताल पर चले जाने से अलवर के राजीव गांधी समान्य चिकित्सालय के हालात बेहद खराब हो गए थे। यहां कई गरीब मरीजों को इलाज के लिए भटकना पड़ा। अलवर में एक मरीज रामखिलाड़ी के पैर में संक्रमण होने के बाद उसका पैर काटना था, लेकिन चिकित्सकों की हड़ताल की वजह से उसे असहनीय दर्द सहना पड़ा। हड़ताल के दौरान सामान्य चिकित्सालयों का माहौल सूना रहने लगा था, वहीं निजी चिकित्सालयों में भीड़-भाड़ रहने लगी। इसके साथ सामान्य चिकित्सालयों के बाहर चाय की दुकानों पर भी सूनापन रहने लगा था।

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned