
जैसलमेर. इस वर्ष 20 अक्टूबर को विजयदशमी का पर्व धूमधाम के साथ मनाया जाएगा, जिसे लेकर नगरपरिषद प्रशासन की ओर से तैयारियां की जा रही हैं। इस साल दशानन रावण 45 फीट, उसके भाई कुम्भकर्ण और पुत्र मेघनाद के पुतलों की ऊंचाई 40-40 फीट रखी जाएगी। शहर के शहीद पूनमसिंह भाटी स्टेडियम में पुतला दहन का कार्यक्रम होता है और इस मौके पर आतिशबाजी भी जाती है। पुतलों को तैयार करने और आतिशबाजी के लिए नगरपरिषद ने 10 लाख रुपए की रकम निर्धारित की है। गौरतलब है कि प्रतिवर्ष विजयदशमी के मौके पर स्टेडियम में सूर्यास्त के बाद तीनों पुतलों का दहन और रंग-बिरंगी आतिशबाजी का कार्यक्रम आयोजित करवाया जाता है। अतिथियों के तौर पर जनप्रतिनिधि या प्रशासनिक अधिकारी इन पुतलों का दहन करते रहे हैं।
विजयदशमी पर दहन के समय रावण की आंखों से अंगारे बरसते नजर आएंगे। मुंह से आग के गोले और नाभि-सिर पर अग्निचक्र चलता है तो तलवार से चिंगारियां फूटेंगी। इस बीच आसमान में आतिशबाजी से आकाशगंगा के नजारे बनेंगे। कई तरह के पटाखे और धमाकों के साथ नई तरह की आतिशबाजी कर कार्यक्रम को आकर्षक बनाने का प्रयास किया जाएगा। विगत वर्षों में नगरपरिषद की तरफ से रावण, कुम्भकर्ण और मेघनाद के पुतलों की ऊंचाई बढ़ती गई है। जिससे लोगों का आकर्षण भी वर्ष दर वर्ष बढ़ा है।
बुराई पर अच्छाई की विजय के प्रतीक पर्व विजयदशमी के अवसर पर शहीद पूनमसिंह स्टेडियम में हजारों की संख्या में आमजन मौजूद रहता है। उस दिन यहां शहर के कोने-कोने से प्रत्येक आयुवर्ग के महिला-पुरुष व बच्चे दर्शक के तौर पर पहुंचते हैं। आसपास के गांवों से भी लोग विजयदशमी पर पुतलों के दहन व आकर्षक आतिशी नजारों के आकर्षण में पूनम स्टेडियम में जुटते हैं। जानकारी के अनुसार पुतलों के निर्माण का कार्य कई दिनों तक चलता है। पुतलों के मुंह, हाथ और पैर जोधपुर में तैयार कर यहां लाए जाते हैं जबकि बाकी हिस्सा जैसलमेर में ही बनाया गया है। जानकारी के अनुसार पूनमसिंह स्टेडियम में करीब आधे घंटे तक रंग-बिरंगी आतिशबाजी की जाएगी। जिससे वहां का पूरा आकाश आतिशी नजारों से पट जाएगा।
दशहरा पर्व के अवसर पर नगरपरिषद की ओर से हर बार की भांति शहीद पूनमसिंह स्टेडियम में विशाल पुतलों का दहन करवाने के साथ आकर्षक आतिशबाजी व अन्य व्यवस्थाएं की जाएंगी। पुतला दहन देखने आने वाले लोगों को आकर्षक नजारे देखने को मिलेंगे।
- पवन कुमार, आयुक्त, नगरपरिषद जैसलमेर