
ईरान (Iran) और अमेरिका (United States of America) के बीच युद्ध की मुख्य वजह ईरान का न्यूक्लियर प्रोग्राम है। अमेरिका इसके खिलाफ है और चाहता है कि ईरान इस पर पूरी तरह से रोक लगा दे क्योंकि अमेरिका को लगता है कि ईरान परमाणु हथियार बनाने की कोशिश कर रहा है। वहीँ ईरान ने हमेशा से ही इस बात का खंडन किया है कि वो परमाणु हथियार बनाने की कोशिश कर रहा है। ईरान का पक्ष हमेशा से ही साफ रहा है कि वो न्यूक्लियर एनर्जी का इस्तेमाल अपने देश और देशवासियों की भलाई के लिए करना चाहता है। इसी बीच अब एक ईरानी अधिकारी ने देश की न्यूक्लियर इंडस्ट्री (Nuclear Industry) के लिए बड़ी बात कह दी है।
ईरान के एटॉमिक एनर्जी ऑर्गनाइज़ेशन (AEOI) के प्रमुख मोहम्मद इस्लामी (Mohammad Eslami) का कहना है कि देश की न्यूक्लियर इंडस्ट्री के खिलाफ प्रतिबंधों, धमकियों और हमलों के बावजूद एजेंसी स्वास्थ्य, खाद्य सुरक्षा, कृषि और रेडियोफार्मास्यूटिकल्स के क्षेत्र में तरक्की कर रही है। इस्लामी ने कहा, "ईरान की न्यूक्लियर इंडस्ट्री को हम देश के विकास के लिए एक रणनीतिक ज़िम्मेदारी मानते हैं। हमें गर्व है कि ईरान की न्यूक्लियर इंडस्ट्री कई चुनौतियों के बावजूद तरक्की की राह पर आगे बढ़ रही है।" इस्लामी ने यह बयान बच्चों के कैंसर की पहचान और इलाज के लिए ईरान के पहले एकेडमिक सेंटर के उद्घाटन के दौरान दिया।
इस्लामी ने ईरान पर परमाणु हथियार बनाने की इच्छा रखने के आरोपों का ज़िक्र करते हुए कहा: "दबावों के अलावा हमारे देश पर झूठे आरोप भी लगाए जाते हैं, जिनके बारे में वो लोग खुद जानते हैं कि आरोप सच नहीं हैं। लेकिन इन हालात के बावजूद, हमारे साथी अपने मिशन को कुशलता से पूरा करने और देश को ज्ञान के क्षेत्र में आगे बढ़ाते रहने में कामयाब रहे हैं।"
इस्लामी ने आगे कहा, "ईरान का परमाणु हथियार बनाने का कोई इरादा नहीं है और हमारे पास जो भी यूरेनियम है जिसे हम संवर्धित करते हैं, वो नागरिक उद्देश्यों के लिए है, जिसमें बिजली पैदा करना और मेडिकल इलाज व वैज्ञानिक रिसर्च में इस्तेमाल शामिल है।"
इस्लामी ने AEOI की कुछ उपलब्धियाँ बताते हुए कहा, "हमने कृषि और खाद्य उत्पादों के क्षेत्र में रेडिएशन का इस्तेमाल करने के लिए बड़े पैमाने पर कोशिशें की हैं। जो उत्पाद और बीज इस प्रक्रिया से गुज़रे हैं और जिन पर प्लाज़्मा या रेडिएशन प्रोसेसिंग की गई है, उनकी पैदावार में कम से कम 30% और कुछ मामलों में 100% तक की बढ़ोतरी हुई है। फिलहाल फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन के साथ हुए समझौतों के तहत लगभग 78 उत्पादों का लगातार उत्पादन और आपूर्ति की जा रही है, जबकि 20 से ज़्यादा अन्य उत्पाद अभी रिसर्च और डेवलपमेंट के चरण में हैं। जब ये उत्पाद अपने क्लिनिकल ट्रायल पूरे कर लेंगे और स्वास्थ्य मंत्रालय की ज़रूरतों को पूरा कर लेंगे, तो इन्हें हमारे उत्पादों की सूची में शामिल कर लिया जाएगा।"