
इज़रायल (Israel) के रक्षा मंत्री इज़रायल काट्ज़ (Israel Katz) ने धमकी दी है कि अगर हिज़बुल्लाह (Hezbollah) ने इज़राइल पर हमले में ईरान (Iran) का साथ दिया, तो उनकी सेना दक्षिणी लेबनान (Lebanon) में और इलाक़े पर कब्ज़ा कर लेगी। काट्ज़ ने कहा, "अगर ईरान ने इज़रायल पर हमला किया और इस हमले में हिज़बुल्लाह ने ईरान का साथ दिया, तो उसे करारा जवाब दिया जाएगा और दक्षिणी लेबनान में नबातीह और लितानी जैसे इलाक़ों में उसे अपनी ज़मीन गंवानी पड़ेगी, जो इज़रायल के स्थायी सिक्योरिटी ज़ोन का हिस्सा बन जाएंगे।" काट्ज़ ने आज इज़रायली सेना के कब्ज़े वाले लेबनानी इलाके के दौरे के दौरान यह बात कही।
इज़रायली रक्षा मंत्री ने कहा कि उनकी सेना हिज़बुल्लाह के खिलाफ लेबनान में ज़मीनी हमले के लिए तैयार है। काट्ज़ ने यह भी कहा कि ऐसा होने पर लेबनान की राजधानी और बेरूत के दक्षिणी उपनगरों को भी खाली कराया जाएगा और उन पर हमला किया जाएगा, जिससे बड़े पैमाने पर लोगों को विस्थापित होना पड़ेगा।
काट्ज़ ने हिज़बुल्लाह के गढ़ पर भी हमले की धमकी दी। उन्होंने कहा कि इज़रायल पर ईरान के हमले की स्थिति में अगर हिज़बुल्लाह ने ईरान का साथ दिया, तो उसके गढ़ दहियाह को भी खाली कराया जाएगा, उसके आतंकी इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमला किया जाएगा और लेबनान में दस लाख से ज़्यादा शिया मुस्लिमों के पास विस्थापित होने के अलावा और कोई चारा नहीं बचेगा।
इज़रायल और लेबनान के आतंकी संगठन हिज़बुल्लाह में जंग जारी है। ऐसे में लेबनान में इज़रायली हमलों का सिलसिला भी जारी है। इसी साल 2 मार्च से इज़रायल ने लेबनान में हमले बढ़ा दिए थे। कई बार सीज़फायर होने के बावजूद भी इज़रायली सेना ने लेबनान में अपनी सैन्य कार्रवाई पर विराम नहीं लगाया। इज़रायली हमलों की वजह से न सिर्फ घर और इमारतें तबाह हो रही हैं, साथ ही बड़ी संख्या में लोग हताहत भी हो रहे हैं। इनमें सिर्फ हिज़बुल्लाह के आतंकी ही नहीं, बल्कि निर्दोष लेबनानी नागरिक भी शामिल हैं। इज़रायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू (Benjamin Netanyahu) ने अपनी सेना को लेबनान में कार्रवाई जारी रखने का आदेश दिया है और साफ कर दिया है कि वह लेबनान से अपनी सेना नहीं हटाएंगे और जब तक ज़रूरत होगी, सेना को वहीँ रखेंगे।