बालोद पहुंचा ब्लैक फंगस: कोरोना से ठीक होकर घर लौटा युवक दो दिन में ही फंगस की चपेट में आया, हालत गंभीर

Black Fungus in Balod: स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक यह मरीज गुरुर विकासखंड के एक गांव का है, जिसकी उम्र 32 साल है। युवक पहले कोरोना संक्रमित था, जो स्वस्थ हो चुका था।

By: Dakshi Sahu

Published: 31 May 2021, 05:43 PM IST

बालोद. जिले में अभी कोरोना संक्रमण (Coronavirus in CG) में कमी आई है। कोरोना से जिला उबरा नहीं है कि अब जिले में ब्लैक फंगस का पहला मरीज मिलने से हड़कम्प मच गया है। जिला स्वास्थ्य विभाग ने जिले को हाई अलर्ट कर दिया है। स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक यह मरीज गुरुर विकासखंड के एक गांव का है, जिसकी उम्र 32 साल है। युवक पहले कोरोना संक्रमित था, जो स्वस्थ हो चुका था। घर आने के दो दिन बाद उसे जबड़े, कान में दर्द एवं सूजन की शिकायत होने पर धमतरी के एक अस्पताल ले गया। दांत दर्द के कारण दांत को भी तोड़ा, लेकिन मुंह में काले धब्बे दिखने लगे। जिसके बाद धमतरी के जिला अस्पताल ले गए। चिकित्सकों की चार टीम ने सीटी स्कैन व मुंह के अंदर काले धब्बे देखने के बाद ब्लैक फंगस की पुष्टि की।

ब्लैक फंगस की पुष्टि के बाद गुरुर बीएमओ ने उनके परिवार के लोगों को भी सतर्क रहने के साथ ही पूरे विकासखंड को अलर्ट कर दिया है। इस तरह के किसी में भी लक्षण दिखे तो तत्काल स्वास्थ्य विभाग को बताने व निजी चिकित्सालय में जाकर जांच करवाने की सलाह दी है। अब कोरोना के बाद ब्लैक फंगस की जंग जीतने की चुनौती है। स्वास्थ विभाग ने दावा किया है कि जिले में ब्लैक फंगस के इलाज के लिए पर्याप्त दवाई है और पूरी तैयारी है।

गंभीर स्थिति को देख रायपुर एम्स में किया भर्ती
गुरुर बीएमओ जीआर रावटे ने बताया कि धमतरी जिला अस्पताल व स्वास्थ्य विभाग से पुष्टि हुई। जानकारी मिली कि बालोद जिले के गुरुर विकासखंड के एक गांव में 32 वर्षीय युवक में ब्लैक फंगस के लक्षण मिले हैं। जिसके बाद पूरे विकासखंड को सतर्क कर दिया है। जिला स्वास्थ्य विभाग को भी सूचना दे दी गई है। बीएमओ ने बताया कि वर्तमान में युवक का इलाज रायपुर एम्स में चल रहा है।

इस तरह हुआ ब्लैक फंगस का शिकार
बीएमओ ने बताया कि ब्लैक फंगस का शिकार 32 वर्षीय युवक पड़ोसी जिले धमतरी के जिला अस्पताल गया था। 27 मई को जिला अस्पताल धमतरी के 4 विशेषज्ञ डॉक्टरों ने लगभग 1 घंटे तक सघन जांच कर ब्लैक फंगस की पुष्टि की। फिर रायपुर एम्स रेफर कर दिया है।

विभाग का दावा: पर्याप्त दवाई भी
बालोद जिला स्वास्थ्य विभाग के सीएमएचओ डॉ. जेपी मेश्राम ने जानकारी दी कि अभी प्रदेश में ब्लैक फंगस के मरीज प्रदेश में मिल रहे हैं। जिले में मरीज मिलते हैं तो हमने तैयारी कर ली है। पर्याप्त दवाई उपलब्ध है। हकीकत कुछ और ही है। भले ही स्वास्थ्य विभाग सारी तैयारी होने का दावा करे, लेकिन अभी भी तैयारी अधूरी है।

कोरेाना से ठीक होकर लौटा था घर
स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक गुरुर ब्लॉक का युवक 4 मई को कोरेाना संक्रमित हुआ था। बालोद के कोविड अस्पताल में भर्ती होने के बाद 15 मई को स्वस्थ हो गया। डॉक्टरों ने 16 मई को अस्पताल से छुट्टी दी। मरीज घर लौट आया। दो दिन बाद जबड़े व कान में दर्द होने लगा। चेहरे पर एक तरफ सूजन हुई। मरीज 26 मई को धमतरी गया। जहां शहर के एक निजी डॉक्टर ने मरीज उमेश का एक दांत तोड़ दिया। 27 मई को और ज्यादा दर्द बढ़ा। जबड़े के ऊपर-नीचे हिस्से में ब्लैक फंगस (काला धब्बा) दिखा।

सीटी स्कैन में पुष्टि की गई। मरीज धमतरी जिला अस्पताल शुक्रवार को सुबह करीब 11 बजे गया था। वहां के एमडी विशेषज्ञ डॉ. संजय वानखेड़े, डॉ. आभा हिशीकर, नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. जेएस खालसा और कान-नाक व गला रोग विशेषज्ञ डॉ. ए नसीम ने मरीज को देखा। जबड़े पर उभरे हल्के ब्लैक धब्बे और मेडिकल दस्तावेज जांच की। इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च के बताए ब्लैक फंगस के कुछ लक्षण मिले। परीक्षण के बाद चारों विशेषज्ञों ने ब्लैक फंगस की पुष्टि की।

यह लक्षण दिखें तो तुरंत डॉक्टर को बताएं
सिर के एक ओर में दर्द होना। दांत, जबड़े या कान में दर्द होना। चेहरे पर एक तरफ सूजन या दर्द होना। आंखों में दर्द, धुंधला दिखाई देना या दर्द होना। नाक के ऊपरी हिस्से में काल धब्बे या घाव बनना। एक साइड नाक में दर्द, खून आना या नाक बंद हो जाए। स्किन पर फूंसी या छाले, इंफेक्शन वाली जगह काली होना। छाती में दर्द, तेज बुखार, खांसी, सीने में दर्द, लेने में दिक्कत या खून की उल्टी होना।

बनाया वार्ड, डॉ. देवेंद्र साहू को सौंपी गई वार्ड की जिम्मेदारी
बालोद जिला कोविड अस्पताल के एक भाग को ब्लैक फंगस वार्ड बनाया है। अस्पताल के एमडी मेडिसिन डॉ. देवेंद्र साहू को इसकी जिम्मेदारी सौंपी है। जिले में ब्लैक फंगस के मरीज मिलते हैं तो यही डॉक्टर ट्रीट करेंगे। उनकी स्थिति परिस्थिति देखकर बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर भी रेफर करने का अधिकार है।

सतर्क कर दिया गया है
सीएमएचओ डॉ. जेपी मेश्राम ने बताया कि जिले में एक युवक में ब्लैक फंगस की पुष्टि हुई है। हमने जिले को सतर्क कर दिया है। साथ ही पूरी तैयारी भी है।

Dakshi Sahu
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned