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अवैध संबंधों में रोड़ा बन रहा था शिक्षक, पत्नी ने करवाई हत्या

पुलिस ने ब्लाइंड मर्डर का मात्र तीन घंटे मे खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
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बारां

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kamlesh sharma

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Updated: 27 Mar 2021, 4:50 PM IST

wife murder husband in baran Love Affair

छीपाबड़ौद। पुलिस ने ब्लाइंड मर्डर का मात्र तीन घंटे मे खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस सूत्रों के अनुसार शुक्रवार सुबह 7 बजे सूचना मिली कि आखाखेड़ी के मीणा मोहल्ले में प्रेमनारायण मीणा का शव घर में पड़ा है। सूचना पर थानाधिकारी रामस्वरुप मीणा, वृताधिकारी ओमेन्द्र सिंह शेखावत व जय प्रकाश अटल आरपीएस (प्रोबेशनर) मय जाप्ता पहुंचे। घटनास्थल पर देखा तो मृतक का रक्त रंजित शव घर में पड़ा था। पुलिस टीम ने मात्र तीन घण्टे में घटना का खुलासा कर आरोपियों को डिटेन किया।

जिला पुलिस द्वारा गठित टीम द्वारा मुखबिरों से मिली सूचनाओं और तकनीकी जानकारी के विश्लेषण के बाद एफएसएल टीम व डॉग स्क्वॉड को मौके पर बुलाया गया। जयप्रकाश अटल एवं रामस्वरुप थानाधिकारी कांस्टेबल सुभाष और आशुराम ने घटना का पर्दाफाश कर कर मृतक की पत्नी रुकमणी देवी एवं आरोपी जितेन्द्र बैरवा, हंसराज भील को गिरफ्तार कर लिया।

यह था मामला

जानकारी मे यह भी सामने आया है कि मृतक प्रेमनारायण फतेहगढ़ मप्र में सरकारी अध्यापक था। वह अवकाश होने पर घर आता था। मृतक प्रेमनारायण व उसकी पत्नी रुकमणी बाई के आपस में सम्बन्ध अच्छे नहीं थे। मृतक प्रेमनारायण ने घरेलु कार्य के लिए जीतेन्द्र बैरवा निवासी परोलिया को 65000 रुपए प्रति वर्ष में रखा था। वो दो साल से प्रेमनारायण के घर पर कार्य कर रहा था। इस दौरान उसके रुकमणी बाई से अवैध सम्बन्ध बन गए। इसका शक प्रेमनारायण को था।

रुकमणी बाई व जितेन्द्र के प्रेम प्रसंग मे मृतक प्रेमनारायण रोड़ा बन रहा था। इसलिए रुकमणी बाई व जितेन्द्र ने प्रेमनारायण को रास्ते से हटाने की साजिश रची। रुकमणी बाई व जितेन्द्र बैरवा ने हंसराज भील निवासी रतनपुरा को हत्या मे सहयोग के लिये बीस हजार रुपए में राजी किया। एक दिन पूर्व रुकमणी बाई, जितेन्द्र व हंसराज भील ने साजिश रची। दोनों आरोपी गुरुवार मध्यरात्रि को हथियार लेकर मृतक के मकान के पीछे पहुंचे।

रुकमणी ने पहली मंजिल पर बने कमरे की पीछे वाली खिड़की से रस्सा नीचे लटकाकर जितेन्द्र व हंसराज को दाखिल करवाया। तीनों ने बरामदे मे सोते हुए प्रेमनारायण पर तलवार व कुल्हाडी से चेहरे व गर्दन पर ताबड़तोड़ वार किए। इससे उसकी मौत हो गई। हत्या के बाद दोनों आरोपी रस्सी के सहारे फरार हो गए। रुकमणी बाई घर पर ही मौजूद रही, ताकि किसी को शक नही हो।