सूत्रों के अनुसार कोतवाली पुलिस ने बैंक घपले में श्री सांईनाथ डवलपर्स प्राइवेट लिमिटेड नामंक एजेंसी को मुख्य षडयंत्रकारी माना है। इसी एजेंसी में रविन्द्र बोरदिया थी निदेशक थे। जिस मामले में पूर्व अध्यक्ष की गिरफ्तारी शनिवार को जोधपुर से हुई है, उस प्रकरण को वर्ष २०१७ में अनुसंधान के दौरान आपसी लेन-देन का मानते हुए कोतवाली पुलिस की पुरानी जांच टीम ने फाइल बंद कर दी थी।