पत्रिका ने किया खुलासा तो छह लाख से रह गए चार हजार

शहर से लेकर गांव तक बिजली के बिलों में हो रहे गड़बड़झाला का मामला राजस्थान पत्रिका ने उठाया तो एक घरेलू उपभोक्ता को लापरवाही से थमाया करीब छह लाख रुपए का बिल जांच के बाद चार हजार रुपए का रह गया। वही एक दर्जन गांवों व शहरी उपभोक्ताओं के बिजली के बिल भी सुधर गए। इतना ही डिस्कॉम ने कंट्रोल रूम भी स्थापित कर दिया। rajasthan patrika revealed that four thousand were left from six lakh in bhilwara

By: Narendra Kumar Verma

Updated: 30 Jun 2020, 11:24 AM IST

पत्रिका ने किया खुलासा तो छह लाख से रह गए चार हजार

भीलवाड़ा। शहर से लेकर गांव तक बिजली के बिलों में हो रहे गड़बड़झाला का मामला राजस्थान पत्रिका ने उठाया तो एक घरेलू उपभोक्ता को लापरवाही से थमाया करीब छह लाख रुपए का बिल जांच के बाद चार हजार रुपए का रह गया। वही एक दर्जन गांवों व शहरी उपभोक्ताओं के बिजली के बिल भी सुधर गए। इतना ही डिस्कॉम ने कंट्रोल रूम भी स्थापित कर दिया। rajasthan patrika bhilwara

जिले में लॉक डाउन के दौरान लोग घरों में कैद रहे और कारोबार पर ताला रहा, इसके बावजूद अजमेर डिस्कॉम ने बिजली बिल वितरणों में लापरवाही बरती। मार्च, अप्रेल व मई के जारी किए गए बिजली के बिलों को अधिकांश उपभोक्ता ना खुश नजर आए। गत वर्ष की तुलना में अधिक राशि के बिजली के बिलों की शिकायत रही। कामधंधे तीन माह के दौरान बंद रहने के बावजूद कईयों के बिजली बिल दुगने आए। सुवाणा में तो डिस्कॉम ने एेसे लोगों को लाखों का बिल थमा दिया, जिनके घर में एक बल्ब भी मुश्किल से जलता है।

पत्रिका ने उठाया मुद्दा
राजस्थान पत्रिका ने २१ जून २०२० के अंक में 'अन सिक्योर हो रहे उपभोक्ता, छह लाख का बिल थमाया Ó शीर्षक से समाचार प्रकाशित कर सुवाणा क्षेत्र के लोगों की पीड़ा उजागर की थी। खबर में खुलासा किया था कि सुवाणा के घरेलू उपभोक्ता उदा गाडरी को डिस्कॉम ने पांच लाख ९५ हजार रुपए का बिल थमा कर होश ही उड़ाए दिए। इतना ही नहीं कस्बे के शेखर गर्ग 21 हजार व भीमराज बलाई 98 हजार रुपए का बिजली का बिल देख कर सदमें में आ गए। rajasthan patrika revealed that four thousand were left from six lakh in bhilwara

करना था ४२३५, हो गई ७४२३५ यूनिट
अजमेर डिस्कॉम के अधीक्षण अभियंता एस के उपाध्याय ने बताया कि पत्रिका में प्रकाशित समाचार के आधार पर संबधित अधिशासी अभियंता से सुवाणा क्षेत्र के उपभोक्ताओं के बिजली के बिलों की जांच कराई। जांच में यह पाया गया कि उपभोक्ता उदा गाडरी के बिजली के बिल मेंं कम्प्यूटर में फिडिग के दौरान मूल यूनिट ४२३५ के स्थान पर ७४२३५ फीड हो गए । यानिकि ७० हजार यूनिट अतिरिक्त फीड हो गया। यह गलती सुधार ली गई और उपभोक्ता को ३८५० रुपए का नया बिल बना कर दिया गया, इसी प्रकार सुवाणा क्षेत्र के ही अन्य उपभोक्ताओं के भी बिल में जो गलती हुई, उसे भी सुधार दिया गया। उपाध्याय ने बताया कि शहरी क्षेत्र के बिलों को लेकर जो शिकायतें आई थी, उन्हें भी दूर किया गया, इसके लिए उपभोक्ता नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है।

Narendra Kumar Verma Reporting
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